संवाद न्यूज एजेंसी
परवाणू (सोलन)। धर्मशाला विधानसभा परिसर में खालिस्तान के झंडे और दीवारों पर नारे लिखे जाने के बाद सरकार से सुरक्षा बढ़ाने के आदेश दे दिए थे। पुलिस ने तुरंत अलर्ट जारी कर परवाणू और बद्दी क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ा दी।
रोजाना यहां पर वाहनों की चेकिंग की जा रही है। हालांकि सरकार और पुलिस रेलवे स्टेशनों में सुरक्षा बढ़ाना भूल गई। मौजूदा समय में कालका से शिमला आने वाले रेलगाड़ियों की हिमाचल में एंट्री के बाद पहले स्टेशन टकसाल पर भी चेकिंग नहीं हो रही। ऐसे में अब सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं।
जानकारी के अनुसार परवाणू के साथ लगते हरियाणा के कालका रेलवे स्टेशन से शिमला के लिए रोजाना आठ रेलगाड़ियां आवाजाही कर रही हैं। इनमें हजारों लोग सफर कर रहे हैं। परवाणू में हिमाचल का पहला टकसाल रेलवे स्टेशन में भी कोई चेकिंग नहीं हो रही है।
टकसाल के बाद रेलगाड़ी सोलन तक गुम्मा, कोटी, सनवारा, धर्मपुर, बड़ोग को पार करती है। सोलन से शिमला के बीच भी इतने ही स्टेशन हैं लेकिन किसी भी स्टेशन पर कोई जांच नहीं हो रही।
नहीं मिले हैं आदेश
टकसाल रेलवे स्टेशन मास्टर ओम प्रकाश ने कहा कि उन्हें हिमाचल सरकार और रेलवे से रेलगाड़ियों की जांच के आदेश नहीं मिले हैं। उनके पास रेलवे पुलिस की कोई टुकड़ी भी टकसाल में तैनात नहीं है।