नालागढ़ (सोलन)। बीबीएन में मरीजों और तीमारदारों को रक्त के लिए सोलन मुख्यालय या फिर चंडीगढ़ के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। नालागढ़ अस्पताल में तीस लाख की लागत से ब्लड बैंक का भवन बनकर तैयार हो गया है। इसमें 500 यूनिट से अधिक रक्त भंडारण किया जा सकेगा। इससे क्षेत्र के स्थानीय लोगों और उद्योगों के कामगारों को भी सुविधा मिलेगी।
बनकर तैयार हो चुके ब्लड बैंक भवन में उपकरण रखे जाना बाकी है। उपकरण लगते ही यहां पर ब्लड बैंक कार्य करना शुरू कर देगा। जानकारी के अनुसार औद्योगिक क्षेत्र बीबीएन में सड़कों पर आए दिन दुर्घटनाएं होती हैं जिस कारण लोगों को रक्त की आवश्यकता पड़ती है।
इसके लिए चंडीगढ़ या फिर सोलन जाना पड़ता है लेकिन यहां ब्लड बैंक बनने से न केवल रोगी का समय पर इलाज हो पाएगा और लोगों की जान बचाई जा सकेगी। इस भवन का निर्माण सीएसआर के तहत निजी कंपनियों की ओर से करवाया गया है।
पिछले दिनों हिमाचल रेड क्रॉस सोसाइटी (अस्पताल कल्याण शाखा) की प्रदेश अध्यक्ष डॉक्टर साधना ठाकुर ने इस भवन का निरीक्षण कर जल्द मशीनें स्थापित कर इसे चालू करने का आश्वासन दिया था।
ब्लड कलेक्शन के लिए होगा विशेष वाहन
जिला के किसी भी क्षेत्र में रक्तदान शिविर के दौरान रक्त एकत्रित करने के लिए विशेष टीम होगी। इसके लिए एक वाहन की भी खरीद की जा रही है। वाहन में ब्लड को सुरक्षित रखने के विशेष इंतजाम होंगे। एक स्थान से दूसरे स्थान तक ब्लड आसानी से पहुंचाया जा सकेगा।
खून की कमी से नहीं रुकेगा उपचार
नालागढ़ के बीएमओ डॉ. अजय पाठक ने बताया नालागढ़ में ब्लड बैंक शुरू करने की मांग काफी समय से थी। उन्होंने कार्यभार संभालने के बाद से इसे प्राथमिकता के आधार पर लिया। कुछ निजी कंपनियों ने इस भवन का निर्माण करवाया है। जल्द ही मशीनें आने के बाद इसे शुरू भी कर दिया जाएगा जिससे लोगों को राहत मिलेगी।
रोगियों को तुरंत मिलेगा लाभ
नालागढ़ के व्यवसायी अरविंद शर्मा ने कहा कि नालागढ़ अस्पताल में ब्लड बैंक शुरू होने से लोगों को लाभ होगा। किसी भी दुर्घटना की स्थिति में जरूरतमंदों को तुरंत रक्त उपलब्ध हो जाएगा और लोगों की जान को बचाया जा सकता। वर्तमान में अस्पताल में सिर्फ 20 यूनिट रक्त का ही भंडारण किया जा सकता है। इसके बाद रक्त की कमी को पूरा करने के लिए सोलन ब्लड बैंक से सहायता लेनी पड़ती है।
चंडीगढ़ नहीं भेजना पड़ेगा एकत्रित ब्लड
झिड़ीवाला के सामाजिक कार्यकर्ता श्रवण कुमार का कहना है कि यहां ब्लड बैंक बनने से लोगों की लंबे अरसे से चली आ रही मांग पूरी हो जाएगी। बीबीएन क्षेत्र के लोगों को जहां जरूरत के समय रक्त उपलब्ध होगा वहीं रक्तदान के लिए चंडीगढ़ या सोलन नहीं जाना पड़ेगा। इसके अलावा क्षेत्र में लगने वाले रक्तदान शिविर का खून भी अपने क्षेत्र के लोगों को आसानी से मिल सकेगा।
गर्भवती महिलाओं को मिलेगा इसका फायदा
रडियाली पंचायत की पूर्व प्रधान इंदु ठाकुर का कहना है इससे महिलाओं को भी बहुत लाभ मिलेगा। कई बार गर्भवती महिलाओं में खून की कमी ही जाती है तो उन्हें रूपनगर या चंडीगढ़ जाना पड़ता था। अब उन्हें यह सुविधा नालागढ़ में ही मिलेगी।