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बीबीएन में ट्रैक्टरों से ढोया जा रहा कंपनियों का माल

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Agriculture tractors transporting company's goods in BBN
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बद्दी (सोलन)। औद्योगिक क्षेत्र बीबीएन में कॉमर्शियल ट्रैक्टरों को मोडिफाई कर संचालक धड़ल्ले से कंपनियों में सामान ढो रहे हैं। इन ट्रैक्टरों में कुछ ट्रैक्टर ऐसे भी हैं जो खेती के लिए किसान के नाम पर लिए गए हैं। ट्रैक्टरों के अवैध संचालन से छोटा हाथी, पिकअप, 407 और अन्य छोटे कॉमर्शियल वाहन संचालकों का रोजगार छिन रहा है। बीबीएन की सड़कों पर घूम रहे ये ट्रैक्टर हादसों को भी बुलावा दे रहे हैं।
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ट्रैक्टर के मोडिफाई करवाने के कारण सड़क पर चलने वाले अन्य छोटे-बड़े वाहनों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। इसी के साथ आकार बदलने से ओवरटेक करते हुए दोपहिया वाहन व छोटे वाहन दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं। बीबीएन की सड़कों पर इस तरह से वाहन चलना आम बात हो गई है।
अधिकांश कंपनी संचालकों ने ट्रक भाड़े से बचने के लिए हरियाणा के मंडावाला में अपने गोदाम बना रखे हैं। यहां से ट्रैक्टर सामान लेकर इन गोदामों तक छोड़ते हैं। वहां से बाहरी राज्यों के लिए सामान जाता है।
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जिन लोगों ने कॉमर्शियल छोटे वाहन खरीदे हैं, वे बेकार खड़े हैं। उन्हें कई-कई दिन तक काम नहीं मिल रहा है। इसके चलते वह बैंक की किश्त देने में भी असमर्थ हैं। किसानी के नाम खरीदे ट्रैक्टरों पर 50 फीसदी अनुदान है। यहां पर ऐेसे ट्रैक्टर खेती के बजाय फैक्टरियों में सामान ढो ने के लिए लगा रखे हैं। हैरानी की बात है कि आए दिन बीबीएन में ट्रैक्टर व ट्राली के चलते दुर्घटना हो रही है लेकिन पुलिस मूक दर्शक बनी हुई है।
एटक के जिला अध्यक्ष सतीश शर्मा, इंटक के श्याम लाल ठाकुर ने कहा कि बीबीएन में इन अवैध ट्रैक्टरों के चलते रोज दुर्घटनाएं हो रही हैं। कंपनियों में लोग इसकी चपेट में आ रहे हैं। उन्होंने इन संचालकों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। जिन लोगों को ट्रैक्टर खेती के लिए लिए उनके कागज चैक कर उनके चालान किए जाने चाहिए।
उधर, डीएसपी बद्दी नवदीप सिंह ने कहा कि पुलिस लगातार अवैध रूप से चल रहे इन ट्रैक्टरों के चालान कर रही है। पिछले साल 61 ट्रैक्टरों के चालान किए जा चुके हैं।
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