-विकास की बात-
नीलामी के लिए प्लेटफार्म समेत 82 दुकानों का किया निर्माण
30 बागवानों समेत कारोबारियों को ठहरने की भी मिलेगी सुविधा
एक अगस्त को प्रदेश के मुख्यमंत्री करेंगे नवनिर्मित मंडी का उद्घाटन
एमएम भंडारी
परवाणू (सोलन)। प्रदेश के प्रवेशद्वार परवाणू में 18 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक सेब मंडी का भवन बन कर तैयार हो गया है। वर्ल्ड बैंक के सहयोग से तैयार मंडी को आधुनिक सुविधाओं से लैस बनाया गया है। वहीं नीलामी प्लेटफार्म भी नया तैयार किया गया है। इससे प्रदेश के दूरदराज के क्षेत्रों से आने वाले सेब बागवानों समेत आढ़तियों को काफी फायदा पहुंचेगा। इसी के साथ कई अन्य प्रकार की सुविधाओं भी मंडी में दी जाएगी। मंडी का उद्घाटन एक अगस्त को होगा। इसके उद्घाटन समारोह में प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू भी मौजूद रहेंगे।
सेब मंडी का नया भवन में चार मंजिला है। इसमें दुकानें भी बनाई गई हैं। मंडी में 82 दुकानों का निर्माण किया गया है। इसी के साथ एक बड़ा हाल भी बनाया गया है। वहीं मंडी में ही 30 आढ़तियों और बागवानों के ठहरने की व्यवस्था भी दी गई है। गंदगी न पड़े और शौच आदि खुले में न जाए इसके लिए 18 शौचालय मंडी में बनाए गए हैं। जबकि 12 बाथरूम भी अलग से निर्मित किए गए हैं। भवन के भीतर चार कार्यालय, एक रसोई घर और एक कैँटीन भी बनाई गई है। इससे पहले बनी सेब मंडी में इन सब चीजों की अधिक व्यवस्था नहीं थी। ऐसे में आढ़तियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था।
गौर रहे कि परवाणू में सेब मंडी की शुरूआत वर्ष 1990 में प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने की थी। तब से लेकर अब तक उसी सेब मंडी का दायरा ही बढ़ाया जा रहा था। लेकिन अब कारोबार अधिक होने के साथ ही अलग से मंडी का निर्माण करवाना समय की मांग बन गया था। जिसके बाद पूर्ण सरकार की ओर नई मंडी का निर्माण करने का फैसला लिया और इसके लिए वर्ल्ड बैंक से करोड़ों रुपये की ग्रांट भी सरकार को मिली। पुरानी सेब मंडी में लगभग 60-70 दुकानें है और आढ़तियों को दी गई थीं। लेकिन बीते कुछ वर्षों में यह दुकानें खंडहर बनती जा रही थीं। वहीं ऑक्शन प्लेटफार्म भी छोटा पड़ रहा था। लेकिन अब आढ़तियों को जल्द ही नई सेब मंडी में सुविधा मिलने वाली है।
इनसेट
परवाणू मंडी में होता है सेब का करोड़ों रुपये का कारोबार
बीते वर्षों में परवाणू मंडी में सेब का करोड़ों रुपये का कारोबार होता है। यहां पर हिमाचल ही नहीं बल्कि पंजाब, हरियाणा और दिल्ली से भी आढ़ती सेब कारोबार के लिए आते हैं। साथ ही दूरदराज के क्षेत्रों से इस सेब मंडी में बागवान सेब लेकरआते हैं।
इनसेट
मंडी में आते है प्रदेश से कारोबारी
हिमाचल प्रदेश समेत अन्य कई जगह से सेब कारोबारी परवाणू मंडी पहुंचते हैं। सीजन में अच्छा कारोबार यहां पर होता है। इसके लिए सरकार की ओर से अच्छी पहल की गई है। वर्ल्ड बैंक ने सेब मंडी के लिए काफी रुपये दिए हैं। अब यहां पर बागवानों को अच्छी सुविधा मंडी में मिलेगी।
-संजीव ब्रांटा
प्रधान, परवाणू आढ़ती एसोसिएशन।
इनसेट
जल्द हो जाएगी सुपुर्द
सेब मंडी काफी पुरानी है। इसके चलते यहां पर नई सब्जी मंडी बनाने की कवायद प्रदेश सरकार ने की। अब इसका निर्माण कार्य पूरा हो गया है। आगामी कुछ दिनों में सेब मंडी का उद्घाटन हो जाएगा और सेब आढ़तियों को मंडी सुपुर्द हो जाएगी।
-रंजन चौहान
सचिव, परवाणू आढ़ती एसोसिएशन।
इनसेट
पुरानी सेब मंडी में ऑक्शन प्लेटफार्म काफी पुराना हो गया था। इससे यहां पर बोलीदाताओं को काफी दिक्कतें आती थी। वहीं शेड भी दिनप्रति दिन खंडहर होता जा रहा थ। बरसात में अंदर पानी आता था। जिससे काफी परेशानी होती थी। नई सेब मंडी में ऑक्शन शेड भी नया होगा और आढ़तियों और बागवानों को कोई दिक्कतें भी नहीं आएगी।
-हनी राठौर, आढ़ती
इनसेट
नवनिर्मित सेब मंडी का उद्घाटन होने के बाद बागवानों को यहां पर ठहरने समेत अन्य कई प्रकार की व्यवस्था मिलेगी। इससे आढ़तियों को काफी आसानी होगी और किसी भी प्रकार की दिक्कत नहीं आएगी। पुरानी मंडी में ठहरने की व्यवस्था के लिए बेहतर सुविधा नहीं थी। ऐसे में काफी दिक्कतें आढ़तियों को आती थी।
-राजिंद्र, आढ़ती।
संजीव ब्रांटॉ , प्रधान परवांनू आढ़ती एसोसिएशन। संवाद
संजीव ब्रांटॉ , प्रधान परवांनू आढ़ती एसोसिएशन। संवाद
संजीव ब्रांटॉ , प्रधान परवांनू आढ़ती एसोसिएशन। संवाद
संजीव ब्रांटॉ , प्रधान परवांनू आढ़ती एसोसिएशन। संवाद