विकास की बात-
पुल पर 170 मीटर के दायरे में नए सिरे से होगा टारिंग का कार्य
योगेंद्र अग्रवाल
ददाहू (सिरमौर)। रेणुका विधानसभा क्षेत्र को मुख्यधारा से जोड़ने वाले पुराने गिरिपुल का जीर्णोद्वार किया जा रहा है। अपनी उम्र पूरी कर चुके 50 साल पुराने गिरिपुल को करीब 42 लाख रुपये की लागत से नया रूप दिया जा रहा है। पुल की दोनों रेलिंग को तोड़कर उसे दोबारा बनाए जाने का कार्य इन दिनों प्रगति पर है। वहीं पुल के ऊपर 170 मीटर के दायरे में दोबारा से टारिंग कार्य भी किया जाएगा।
हालांकि रेणुका मेले से पूर्व इस कार्य को पूरा करना विभाग के लिए चुनौती बना हुआ है। लोक निर्माण विभाग ने पुल की पुरानी रेलिंग को तोड़कर नई रेलिंग लगाना शुरू कर दी है। अंतरराष्ट्रीय रेणुका मेला शुरु होने को मात्र 18 दिन का समय ही शेष रह गया है। इससे पूर्व पुल का कार्य मुकम्मल होता दिखाई नहीं दे रहा है। हालांकि विभाग का दावा है कि 20 दिनों के दौरान पुल की एक तरफ रेलिंग के कार्य को पूर्ण कर लिया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि बीते दो साल से नए गिरिपुल का कार्य अधर में लटका होने के कारण विभाग को 42 लाख रुपए की यह अतिरिक्त चपत सहन करनी पड़ी। गिरिपुल की दयनीय दशा को लेकर स्थानीय विधायक और विधानसभा उपाध्यक्ष विनय कुमार ने अधिकारियों को पुल की दशा सुधारने के सख्त निर्देश दिए थे। इसे ध्यान में रखते हुए विभाग ने पुराने गिरिपुल का ही जीणोद्धार करने का फैसला किया और 42 लाख रुपये के टेंडर अवार्ड करके इसका कार्य शुरू भी कर दिया है।
लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता राजेश धीमान ने बताया कि पुराने गिरिपुल पुल की एक तरफ की रेलिंग को तोड़कर उसे दोबारा तैयार करने का कार्य प्रगति पर है। रेणुका मेले से पूर्व इस रेलिंग का कार्य पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है। पुल के ऊपर से वाहनों की आवाजाही निरंतर जारी है, इस कारण कार्य में बाधा उत्पन्न हो रही है। इससे कार्य पूरा करने में अधिक समय लग रहा है।