रामपुर बुशहर। किसान सभा निरमंड इकाई के आह्वान पर टिक्करी कैंची स्थित हिमाचल दुग्ध शीत प्लांट के बाहर दुग्ध उत्पादकों ने अपनी मांगों को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने दूध के दाम 30 रुपये लीटर देने की मांग उठाई।
किसान सभा जिला महासचिव देवकी नंद, निरमंड किसान सभा अध्यक्ष पूर्ण ठाकुर, सचिव जगदीश और दुर्गा नंद ने प्रदर्शन को संबोधित करते हुए कहा कि आज लोग कृषि के साथ-साथ पशुपालन भी कर रहे हैं, जिनसे किसान दूध उत्पादन कर अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहे हैं, मगर इतनी मेहनत करने के बाद भी दूध का दाम पानी से भी कम मिल रहा है।
ऐसे में दुग्ध उत्पादकों को घाटा उठाना पड़ रहा है। आलम यह है कि कई बार तो डिग्री कम होने पर दूध वापस किया जाता है या कम रेट दिया जाता है, जो कि दूध उत्पादकों के साथ ठगी है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार को इनके लिए नीति बनानी चाहिए, ताकि दुग्ध उत्पादकों का शोषण न हो और दूध का सही दाम मिलें।
किसान सभा ने प्रदर्शन कर सरकार से दूध का दाम 30 रुपये प्रति लीटर देने, दूध की पेमेंट हर माह 10 तारीख से पहले देने, डिग्री के नाम पर ठगी बंद करने और सभी सोसायटी में दूध की गुणवत्ता को जांचने के लिए टेस्टिंग मशीन देने सहित पशु औषधालय में खाली पद भरने और पशुचारे पर अनुदान देने की मांग उठाई है। ऐसा न होने पर आने वाले समय में उग्र आंदोलन किया जाएगा। इस मौके पर श्याम लाल, कांशी राम, श्याम सिंह, मनी राम, किशोरी लाल, मानदासी, फूला देवी, उषा देवी, शांता देवी, नोया राम, नेक राम, सुमित्रा देवी और सुनीता देवी सहित कई अन्य मौजूद रहे।