रामपुर में बैठक कर विद्युत बोर्ड कर्मचारी और पेंशनरों ने सरकार के प्रति जताया रोष। संवाद
कंपनी को वित्तीय लाभ देने के लिए सरकार ने की स्मार्ट मीटर खरीद
पुरानी पेंशन शीघ्र हो बहाल, आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए बने स्थायी नीति
रामपुर में विद्युत परिषद पेंशनर कल्याण संघ ने खोला मोर्चा
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। विद्युत बोर्ड में पुरानी पेंशन को शीघ्र बहाल किया जाए। बिजली बोर्ड में अभियंताओं के समाप्त किए गए 51 पदों के आदेश को वापस लें। समाप्त किए 81 आउटसोर्स चालकों की सेवाएं बहाल की जाए और आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए स्थाई नीति बनाई जाए। कर्मचारियों और पेंशनर्स के वित्तीय लाभ जल्द से जल्द जारी करें। यदि जल्द मांगें नहीं मानी तो बिजली बोर्ड का संयुक्त मोर्चा विशाल धरना प्रदर्शन करेगा। यह बात धरना प्रदर्शन को संबोधित करते हुए अध्यक्ष गोपाल ठाकुर ने कही।
संयुक्त मोर्चा के आह्वान पर हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत परिषद पेंशनर्स कल्याण संघ रामपुर ने अध्यक्ष गोपाल ठाकुर के नेतृत्व में विद्युत परिचालन वृत्त रामपुर में प्रदर्शन किया। कर्मचारी विरोधी नीतियों और पेंशनरों के खिलाफ सरकार की साजिशों को लेकर हल्ला बोला। अध्यक्ष गोपाल ठाकुर ने कहा कि सरकार द्वारा पदों को धीरे-धीरे समाप्त करना, सरकार और बोर्ड प्रबंधन की एक सोची-समझी योजना है। उन्होंने सरकारी कर्मचारियों और संयुक्त कर्मचारी मोर्चा को आश्वासन दिया है कि ऐसे किसी कदम के विरोध में पेंशनर्स कल्याण संघ रामपुर के साथ कंधे से कंधा मिलाकर सहयोग करेंगे।
लायक राम ठाकुर ने कहा कि एक तरफ तो सरकार वित्तीय घाटे का रोना रोकर कर्मचारियों और पेंशनरों को उनके वित्तीय लाभ समय पर नहीं दे रही है दूसरी ओर फिजूलखर्च को बढ़ावा दे रही है। किसी एक कंपनी को वित्तीय लाभ देने के लिए प्रदेश सरकार ने स्मार्ट मीटर खरीद की, जिसकी एक मीटर की कीमत करीब दस हजार रुपये है। जो पुराने मीटर हैं क्या वे ठीक मीटर रीडिंग नहीं दे रहे हैं, यह सब सरकार की विद्युत परिषद को विघटित करने की एक सोची-समझी साजिश है।