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Rampur Bushahar News: शिक्षकों की कमी से 35 विद्यार्थियों ने बदला स्कूल

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रामपुर बुशहर। एक ओर प्रदेश सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर और गुणवत्ता युक्त शिक्षा मुहैया करवाने के दावे कर रही है वहीं, ग्रामीण स्कूलों में घटती छात्रों की संख्या लगातार चिंता का विषय बनी हुई है। वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला डंसा में भी शिक्षकों की कमी से शिक्षा का स्तर गिरता जा रहा है। आलम यह है कि शिक्षकों की कमी के कारण 35 छात्रों ने दूसरे स्कूलों की ओर पलायन कर लिया है।
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ऐसे में ये छात्र अतिरिक्त दूरी और आर्थिक मार झेलने को मजबूर हैं। क्षेत्र के जन प्रतिनिधियों और अभिभावकों ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर स्कूल में जल्द शिक्षकों की तैनाती की मांग उठाई है। वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला डंसा में बीते लंबे समय से विज्ञान संकाय, वाणिज्य और बीएससी नॉन मेडिकल के शिक्षकों के पद रिक्त पड़े हैं। स्कूल में प्रवक्ता गणित का पद मई 2020, प्रवक्ता फिजिक्स का पद अक्तूबर 2018, प्रवक्ता कैमिस्ट्री का पद मार्च 2022, वाणिज्य प्रवक्ता का पद अप्रैल 2013 और टीजीटी नॉन मेडिकल के दो पद मई 2019 और मई 2022 से रिक्त पड़े हैं।
स्कूल में अहम विषयों के शिक्षक न होने से इस शैक्षणिक सत्र में अब तक 35 छात्रों ने रामपुर, शिंगला या फिर रचोली स्कूल के लिए पलायन कर लिया है। डंसा से इन छात्रों को शिंगला और रचोली पहुंचने के लिए करीब 15 किलोमीटर, जबकि रामपुर पहुंचने के लिए 20 किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ रही है। ऐसे में विद्यार्थी जहां मानसिक परेशानी झेल रहे हैं, वहीं, अभिभावक आर्थिक मार झेलने को मजबूर हैं। गांव के स्कूल में दिन प्रतिदिन अध्यापकों की कमी से छात्रों की संख्या लगातार घटती जा रही है। हालांकि जन प्रतिनिधियों और एसएमसी ने प्रदेश सरकार और शिक्षा विभाग से रिक्त पड़े पदों को भरने का मामला कई बार उठाया लेकिन सरकार और विभाग शिक्षकों के पद भरने में कोई दिलचस्पी नहीं दिखा रहे।
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विज्ञान संकाय की सुचारू कक्षाएं चलाने की मांग
डंसा के पंचायत प्रधान देशराज हुड्डन, बीडीसी लालसा डंसा मीरा देवी और गुलजारी लाल डमालू ने कहा कि लंबे समय से शिक्षक न होने से छात्रों को मजबूरन दूसरे स्कूलों का रुख करना पड़ रहा है। उन्होंने स्कूल में शिक्षा प्रभावित न हो इसके लिए वैकल्पिक आधार पर शिक्षकों की तैनाती करने और स्कूल में विज्ञान संकाय की सुचारू कक्षाएं चलाने की मांग की है।

सरकार और शिक्षा विभाग को कई बार बता चुके
डंसा स्कूल के प्रधानाचार्य सहदेव नेगी ने बताया कि विज्ञान विषय के शिक्षक न होने के कारण छात्र स्कूल से पलायन कर रहे हैं। रिक्त पदों को लेकर समय-समय पर सरकार और शिक्षा विभाग को सूचित किया जा रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि जल्द ही स्कूल में शिक्षकों की तैनाती होगी।
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