किसी मुकाम को हासिल करने के लिए दृढ़ इच्छाशक्ति, जोश और जज्बा हो तो उम्र भी बाधा नहीं बनती है। ऐसे ही जोश और जज्बे की मिसाल हैं मंडी के शटलर पीआर राणा।
63 साल की आयु में पीआर राणा अगले माह नौ से 14 सितंबर तक टर्की के अंकारा में अंतरराष्ट्रीय मास्टर सीनियर बैडमिंटन में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे।
वह हिमाचल प्रदेश से एकमात्र खिलाड़ी हैं। मंडी के पीआर राणा का 63 साल की उम्र में भी बैडमिंटन खेल के प्रति जोश और जज्बा कम नहीं हुआ है। इसी की बदौलत वह अंतरराष्ट्रीय सीनियर बैडमिंटन प्रतियोगिता खेलने टर्की जा रहे हैं।
‘अमर उजाला’ से मुलाकात में पीआर राणा ने बताया कि सरकारी नौकरी करने के साथ वह 32 साल से बैडमिंटन खेल रहे हैं। वर्ष 2008 में राजस्व विभाग से एआरओ पद से रिटायर्ड हुए। इससे उन्हें खेल में और निखार लाने को ज्यादा वक्त मिला। पुणे, आंध्रप्रदेश के पुटापर्थी, मुंबई, जम्मू-कश्मीर में हुई नेशनल प्रतियोगिता में भाग लिया।
इसी साल मुंबई में 19 से 24 फरवरी को हुई नेशनल बैडमिंटन स्पर्धा में राणा एकल वर्ग में क्वार्टर फाइनल तक पहुंचे। इसके चलते उन्हें अंतरराष्ट्रीय सीनियर प्रतियोगिता के लिए चुना गया।
पीआर राणा कहते हैं कि हर दो साल बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मास्टर सीनियर प्रतियोगिता होती है। इस बार भारत से विभिन्न आयु वर्ग में 145 खिलाड़ी टर्की जाएंगे। इसमें हिमाचल से वह अकेले हैं।
उन्होंने कहा कि हिमाचल से यह पहला अवसर है जब सीनियर वर्ग में अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में प्रतिनिधित्व करेंगे। उन्होंने माना कि निश्चित ही उम्र के मुताबिक परफार्मेंस पर भी असर पड़ता है।