हिमाचल बिलासपुर स्थित मार्कंडेय मंदिर में संन्यासियों के मंदिर में शूद्रों का प्रवेश निषेध बोर्ड लगे होने पर हाईकोर्ट ने संज्ञान लेते हुए बिलासपुर के डीसी अजय शर्मा, एसपी कपिल शर्मा, एसडीएम एमएल मेहता तथा मार्कंडेय मंदिर ट्रस्ट के चेयरमैन को अवमानना का नोटिस जारी कर 25 फरवरी तक जवाबतलब किया है।
कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश मंसूर अहमद मीर और न्यायाधीश कुलदीप सिंह की खंडपीठ ने हिमालय साहित्य, संस्कृति एवं पर्यावरण मंच के अध्यक्ष एवं लेखक एसआर हरनोट द्वारा मुख्य न्यायाधीश के नाम लिखे पत्र पर संज्ञान लेते हुए उक्त आदेश पारित किए।
हाईकोर्ट पहले ही यह आदेश पारित कर चुका है कि मंदिर में इस तरह का प्रतिबंध लगाना असंवैधानिक है।
हाईकोर्ट के आदेश के बाद मंदिर प्रबंधन ने यह बोर्ड हटा लिया था। अब मुख्य न्यायाधीश के नाम लिखे पत्र में मीडिया में प्रकाशित खबरों का हवाला देते हुए बताया गया है कि इसी मंदिर में अब नया बोर्ड लगा लिया गया है।
यह हाईकोर्ट के आदेशों का उल्लंघन है और स्पष्ट रूप से अवमानना का मामला है।