मनाली विधानसभा क्षेत्र में दौरा करने पहुंची सांसद कंगना रनौत।
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मंडी संसदीय क्षेत्र की सांसद कंगना रनौत ने कहा कि हिमाचल सरकार जंगलों को काटकर लकड़ी बेच रही है। जंगल खाली किए जा रहे हैं। आपदा के बाद केंद्र ने एनएचएआई को तुरंत 200 करोड़ रुपये जारी किए। राज्य की सड़कों को खोलने का काम नहीं हो रहा।
वीरवार को मनाली के आपदा प्रभावित इलाकों का दौरा करने के बाद कंगना ने पत्रकारों से बातचीत में आपदा को सबसे बड़ी विपदा बताया। मनाली में पर्यटन की गति थम गई है। मेरा भी यहां घर है। रेस्टोरेंट भी है। कल 50 रुपये की सेल हुई है, जबकि वेतन पर ही 15 लाख खर्च हो रहे हैं। अन्य अभिनेताओं और अभिनेत्रियों के धनराशि देने के सवाल पर उन्होंने कहा कि वह सरकार के पद पर हैं। उनकी जिम्मेवारी मदद करने से ज्यादा केंद्र से ज्यादा धन लाने की है। वह इस दिशा में कार्य भी कर रही हैं। केंद्र ने लगभग 10 हजार करोड़ दिए हैं, लेकिन राज्य सरकार केंद्र से मिल रही राहत का पैसा अन्य जगह डायवर्ट कर रही है। भ्रष्टाचार को लेकर राज्य सरकार पर ऐसे आरोप लग रहे हैं। प्रधानमंत्री ने भी इसकी आशंका जताई थी। हिमाचल के पास पैसा आता जा रहा है, लेकिन काम नहीं हो रहे। वह मुख्यमंत्री को इस बारे में पत्र लिखेंगी।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री हिमाचल आए, लेकिन न राहुल आए न ही प्रियंका। राज्य के पीडबल्यूडी मंत्री ने भी यहां आने की जहमत नहीं उठाई। जिनके घर नहीं रहे, उनमें कई को फौरी मदद भी नहीं मिली। ब्यास नदी का तटीकरण गंभीर मामला है। बिना किसी विशेषज्ञ जांच के इस बारे में कुछ भी कहना उचित नहीं है। वह यह मामला केंद्र में उठाएगी और इसके लिए अलग से प्रोजेक्ट बनाने की मांग करेगी। इस अवसर पर पूर्व मंत्री गोविंद ठाकुर भी उनके साथ मौजूद रहे।
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