मंडी। जोनल अस्पताल मंडी में मरीजों के लिए राहत भर खबर है। अब मरीजों को ऑपरेशन करवाने के लिए भटकना नहीं पड़ेगा। पिछले पांच सप्ताह से जोनल अस्पताल मंडी में निश्चेतना विशेषज्ञ डॉक्टर नहीं था तो मरीजों को ऑपरेशन के लिए भटकना पड़ रहा था। उन्हें नेरचौक, शिमला और अन्य अस्पतालों में जाकर ऑपरेशन करवाने पड़ रहे थे। अब समस्या का हल हो गया है और जोनल अस्पताल में निश्चेतना विशेषज्ञ डाॅ. जेआर ठाकुर को सेवाएं देने के आदेश हुए हैं। वह छह फरवरी से अपना पदभार संभाल लेंगे और मरीजों के ऑपरेशन होने शुरू हो जाएंगे। उधर, अस्पताल में मौजूद 14 सर्जनों ने छह फरवरी से ऑपरेशन करने के लिए तिथियों को भी निर्धारित कर दिया है। हालांकि 400 बिस्तर के अस्पताल में एकमात्र निश्चेतना विशेषज्ञ होना नाकाफी है लेकिन फिलहाल यह राहत भरी खबर है। बता दें कि जोनल अस्पताल में तैनात निश्चेतना विशेषज्ञ के डीएम की पढ़ाई करने के लिए जाने के कारण यहां ऑपरेशन प्रभावित हो गए थे। विशेषज्ञ न होने से यहां पर तैनात 14 सर्जन भी कोई ऑपरेशन नहीं कर पा रहे थे, कई बार एमरजेंसी में बाहर से डॉक्टरों को बुलाना पड़ता था या फिर मरीजों को नेरचौक मेडिकल काॅलेज भेजा जा रहा था। इस बारे में सीएमओ डॉ देवेंद्र शर्मा ने बताया कि नेरचौक मेडिकल कॉलेज से डॉ विशेषज्ञ डॉ जेआर ठाकुर को मंडी जोनल अस्पताल में तैनाती मिली है, यह मरीजों के लिए राहत भरी खबर है।जोनल अस्पताल में मौजूद हैं 14 सर्जन
बता दें कि इस समय जोनल अस्पताल मंडी में कुल 14 सर्जन मौजूद हैं जो कि बिना निश्चेतना विशेषज्ञ के पिछले पांच सप्ताह से मेजर सर्जरी के ऑपरेशन नहीं कर पा रहे थे। इनमें चार सर्जरी, दो ऑर्थो, तीन गायनी, एक ईनटी और चार नेत्र सर्जन हैं। उधर, मंडी शहर की जनता ने सरकार से गुहार लगाई है कि यहां पर एक नहीं बल्कि तीन निश्चेतना विशेषज्ञ डॉक्टर होने चाहिए।