चंडीगढ़-मनाली नेशनल हाईवे पर हणोगी और थलौट के बीच दवाड़ा के पास पहाड़ी खिसकने की घटना पर सोमवार को मनाली से पहुंची बीआरओ की टीम ने मौका मुआयना किया। जिला प्रशासन ने पहाड़ी खिसकने पर बीआरओ को मौके पर बुला कर भौगोलिक दृष्टि से जांच करने को कहा था।
बीआरओ के कर्नल राजेंद्र कुमार की अगुवाई में तीन सदस्यीय टीम ने मौके का निरीक्षण किया। सात दिसंबर की सुबह दवाडा के पास पहाड़ी खिसकने से नेशनल हाईवे यातायात के लिए पूरी तरह से अवरुद्ध हो गया था। करीब 50 से 100 मीटर तक एनएच पर भारी भरकम पत्थर और मलबा आ गया था। पहाड़ी से लगातार पत्थर गिरने पर जिला प्रशासन ने भी बीआरओ और स्टेट जियोलॉजिस्ट को मौके पर आकर जांच करने को कहा था।
सोमवार को बीआरओ ने दवाडा पहुंच कर खिसक रही पहाड़ी का निरीक्षण किया। बीआरओ टीम में 38 बॉर्डर रोड टास्क फोर्स मनाली के कमांडर कर्नल केपी राजेंद्र कुमार, कार्यकारी इंजीनियर अनुज सेन, कनिष्ठ अभियंता प्रकाश ने दवाड़ा में गिर रही पहाड़ी का निरीक्षण किया।
इस दौरान नेशनल हाईवे के सहायक अभियंता कांशी राम गुलेरिया भी मौजूद थे। बीआरओ के कर्नल केपी राजेंद्र कुमार ने सुझाव दिया कि पहाड़ी से ज्यादा छेड़छाड़ न की जाए। पहाड़ी स्टेबल है। उन्होंने नेशनल हाईवे विभाग को पहाड़ी से गिर रहे लुज पत्थरों और मलबे को हटाने को कहा है।