सुंदरनगर (मंडी)। प्रधान संघ धनोटू ने शनिवार को प्रदेश सरकार की ओर से पंचायतों को दिए गए फरमानों पर कड़ी आपत्ति दर्ज कर विरोध जताया है। इसी को लेकर संघ ने एसडीएम सुंदरनगर के माध्यम से सरकार को ज्ञापन भेजा।
विकास खंड धनोटू के प्रधान संघ के अध्यक्ष नील कमल ने बताया कि सरकार की ओर से बीडीओ के माध्यम से दी जाने वाली कोटेशन पर रोक लगाकर पंचायत से ही करवाने की मांग की है। पंचायतों को बीस कामों की शर्त को खत्म कर पहले की तरह काम करने की आजादी देने की मांग की। मजदूरों की छह महीने से अदायगी नहीं हुई है, उसे शीघ्र किया जाए। मनरेगा एक्ट में की जा रही छेड़छाड़ का भी प्रधान संघ ने विरोध किया है।
कहा कि आपदा में पंचायत प्रधानों ने जिस तरह से सभी की मदद की थी, उस पर सरकार शाबाशी देने के बजाय तिरस्कार करने में लगी हुई है। यह सरासर गलत है। प्रधान संघ ने सरकार को इन फरमानों को वापस लेने की मांग की है। पंचायत प्रधान किशोरी लाल ने सरकार की इस तानाशाही के खिलाफ आवाज बुलंद करते हुए कहा कि पंचायत में मनरेगा मजदूरों की अदायगी करने में सरकार ने छह महीने से ज्यादा लगा दिए। इस भुगतान पर लगी रोक को हटाया जाए। पंचायत के उपप्रधान हल्का राम ने बताया कि सरकार को अगर पंचायत प्रधानों की संपत्तियों और कमाई पर अंदेशा है तो जांच करवाएं। इससे पहले विधायक और मंत्रियों पर भी इस नियम को लागू करें। इस मौके पर धनोटू खंड के प्रधान संघ के सचिव बालक राम, कमलकांत, चमन लाल, धनेश्वर ठाकुर आदि मौजूद रहे। संवाद