मंडी। करसोग में घारटी गाड नाले के पानी को लेकर चल रहे विवाद में अतिरिक्त जिला न्यायाधीश-1 मंडी की अदालत ने दो भाइयों कौल राम और चेत राम की अपील खारिज कर दी है। अदालत ने सिविल जज करसोग के 31 जुलाई 2025 के अंतरिम आदेश को बरकरार रखा है। निचली अदालत ने दोनों को घारटी गाड नाले की मुख्य धारा का पानी अवैध रूप से मोड़ने से रोक दिया था।
सुनवाई के दौरान अदालत ने पाया कि प्रतिवादियों ने कूहल के पानी पर अपना कोई अधिकार नहीं जताया है। वहीं, राजस्व रिकॉर्ड में जोगिंदर पाल की भूमि घारटी गाड री कूहल से सिंचित दर्ज है। अदालत ने माना कि जोगिंदर पाल को अपनी भूमि की सिंचाई के लिए उक्त पानी के इस्तेमाल का अधिकार है। दोनों पक्षों को 9 सितंबर 2026 को निचली अदालत में पेश होने के निर्देश दिए गए हैं।