फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Mandi Shivratri: रिमझिम बारिश के बीच निकली शाही जलेब, मुख्यमंत्री सुक्खू ने खुली जीप में सवार होकर की शिरकत

Thu, 27 Feb 2025 09:29 PM IST
अंकेश डोगरा संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी

सार

International Shivratri Festival Mandi: मंडी में अंतरराष्ट्रीय महाशिवरात्रि महोत्सव का शुभारंभ अवसर पर रिमझिम बारिश की फुहारों के बीच प्रथम जलेब में मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने शिरकत की।
विज्ञापन
शाही जलेब के दौरान पड्डल मैदान में मुख्यमंत्री के साथ फोटो लेते विदेशी। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

छोटी काशी मंडी में अंतरराष्ट्रीय महाशिवरात्रि महोत्सव का शुभारंभ वीरवार को राज देवता माधो राय की शाही जलेब के साथ हुआ। रिमझिम बारिश की फुहारों के बीच प्रथम जलेब में मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने शिरकत की। उपायुक्त कार्यालय परिसर से शुरू हुई शाही जलेब में पुलिस के घुड़सवार, होमगार्ड बैंड और पुलिस जवानों की टुकड़ी सबसे आगे रही। पड्डल पहुंचकर मुख्यमंत्री ने ध्वजारोहण कर महोत्सव का विधिवत शुभारंभ किया।

विज्ञापन


मुख्यमंत्री का काफिला दोपहर 2:40 बजे उपायुक्त कार्यालय पहुंचा। करीब आधे घंटे के ठहराव के बाद 3:15 बजे प्रथम जलेब पड्डल के लिए रवाना हुई। मुख्यमंत्री खुली जीप में सवार होकर जलेब में शामिल हुए। उनके साथ पूर्व मंत्री कौल सिंह ठाकुर, पूर्व सीपीएस सोहन लाल ठाकुर, चंपा ठाकुर सहित अन्य कांग्रेस नेता भी मौजूद रहे। जलेब में बालीचौकी क्षेत्र का दल मशहूर फागली नृत्य प्रस्तुत कर रहा था, जबकि मुखौटा नृत्य की झलक भी देखने को मिली। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी संस्था ने विशेष झांकी के माध्यम से शिवरात्रि का जागरूकता संदेश दिया। बालीचौकी क्षेत्र के देवता छांजणू-झमाहूं की जोड़ी ढोल-नगाड़ों की लय पर झूमती नजर आई।

विज्ञापन
विज्ञापन

इसके बाद देव कोटलू नारायण, देव सरोली मार्कंडेय, देव शैटी नाग, देवी डाहर की अंबिका, देव विष्णु मतलोड़ा, देव मगरू महादेव, देव चपलांदू नाग, श्रीदेव बायला नारायण, देव बिटठु नारायण, देव लक्ष्मी नारायण पखरोल, चौहारघाटी के देव हुरंग नारायण, देव घड़ौनी नारायण, देव पशाकोट नारायण, देव पेखरू का गहरी, देव चुंज वाला शिव, देव तुंगासी ब्रह्मा समेत अन्य देवी-देवता सैकड़ों देवलुओं के साथ शामिल हुए। इसके पश्चात राज देवता माधो राय की चांदी की कुर्सी और पालकी निकाली गई। इनके पीछे देव शुकदेव डघांढु, देव शुकदेव मड़घयाल, देव जलौणी गणपति, देव शेषनाग टेपर, देव झाथीवीर और देव टुंडी वीर शामिल रहे। सर्व देवता सेवा समिति के अध्यक्ष शिवपाल शर्मा ने बताया कि जलेब में देवी-देवताओं ने निर्धारित क्रम के अनुसार भाग लिया और प्रोटोकॉल का पूर्ण पालन किया गया।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें