कुल्लू। जिले में सोमवार रात को झमाझम बारिश हुई। बारिश से ग्रामीण क्षेत्रों में कच्ची सड़कें दलदल बन गई हैं। इसके अलावा लोक निर्माण विभाग डिविजन दो के तहत आने वाली चनौन से कड़ाहिल, बठाहड़-शिल्ली, शरूंगर सड़क और कुल्लू डिविजन एक के तहत दोहरानाला से बाराहार सड़क भी बंद हो गई है। सड़क पर कई जगह भूस्खलन हुआ है।
बारिश से जल शक्ति विभाग की 38 पेयजल योजनाएं प्रभावित हुई हैं। इन्हें चालू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इसके साथ ही सैंज घाटी के तहत दुर्गम गांव शाक्टी व मरोड़ को जोड़ने वाला पुल भूस्खलन के चलते क्षतिग्रस्त हो गया है। इससे दोनों गांवों के ग्रामीणों को अपने घरों तक पहुंचने के लिए अब पांच किलोमीटर अतिरिक्त सफर करना पड़ रहा है। ग्रामीण हीरा चंद, लगन चंद, मोती राम, शेरू राम, हरि चंद, गोविंद राम, लोतम राम, चुन्नी लाल, हीरा लाल, लालचंद, भाग चंद ने कहा कि यह दुर्गम गांवों को जोड़ने वाला पुल है। बारिश के बाद कई जगहों पर रास्ता भी खराब हो गया है। इससे लोगों को अब जान जोखिम में डालकर अपने घर पहुंचना पड़ रहा है। उन्होंने जिला प्रशासन से मांग की है कि जल्द ही रास्ते को संवारा जाए। उधर, ग्रेट हिमालयन नेशनल पार्क के अरण्यपाल अजीत ठाकुर ने कहा कि मौके की रिपोर्ट मांगी जाएगी। रास्ते को जल्द ही ठीक किया जाएगा, जिससे ग्रामीणों को परेशानियों का सामना नहीं करना पड़ेगा। दूसरी ओर जिले में बरसात के बीच नदी-नाले उफान पर हैं। मौसम विभाग ने आगामी दो दिनों तक जिले में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। ऐसे में प्रशासन सतर्क हो गया है। उपायुक्त आशुतोष गर्ग ने लोगों से नदी-नालों से दूर रहने को कहा गया है।