बीआरओ की सड़क ढहने से अलग-थलग पड़ जाएंगे उदयपुर और पांगी क्षेत्र
पांगी के साथ जम्मू को भी जोड़ती है तांदी-उदयपुर-किलाड़ सड़क
दिनेश जस्पा
उदयपुर (लाहौल-स्पीति)। तांदी-उदयपुर-किलाड़ (एसकेटीटी) सड़क जाहलमा नाले के पास कभी भी ढह सकती है। इससे लाहौल के साथ पांगी घाटी के लोगों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं।
दरअसल, जाहलमा नाले में बाढ़ के बाद सड़क से नीचे भूमि कटाव जारी है। ऐसे में यह सड़क कभी भी नाले की भेंट चढ़ सकती है। इस सड़क से होकर रोजाना एचआरटीसी की बसों सहित सैकड़ों छोटे-बड़े वाहनों की आवाजाही रहती है। अगर यह सड़क ढह गई तो समूचे उपमंडल के साथ पांगी घाटी के लोग मुश्किल में पड़ जाएंगे। यह सड़क उपमंडल उदयपुर के अंतर्गत तमाम गांव को जोड़ने के साथ चंबा जिले की पांगी घाटी सहित जम्मू को भी जोड़ती है।
अटल टनल रोहतांग से पूर्व शीतकालीन दिनों हेलिकाप्टर सेवाओं में विलंब पर जरूरतमंद लोग इसी सड़क से होकर ही आवाजाही करते थे। अब जाहलमा नाले के पास भूमि कटाव से सड़क की हालात से लोग चिंता में पड़ गए हैं।
गौरतलब है कि नाले में लगातार पानी बढ़ने और बाढ़ से भूमि कटाव जारी है। ऐसे में सड़क का छोर गिर रहा है और सड़क पर दरारें भी पड़ चुकी हैं। एहतियात के तौर पर वहां से होकर गुजरने वाले वाहन चालकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए स्थानीय पुलिस ने सड़क सुरक्षा को लेकर निशान लगा रखे हैं ताकि कोई वाहन खतरे वाली जगह से न गुजरे। लोगों ने सीमा सड़क संगठन से गुहार लगाई है कि समय रहते इस सड़क के लिए कोई ठोस कदम उठाएं।
पट्टन निवासी वीर सिंह, रमेश लाल और सुरेंद्र ने कहा कि सीमा सड़क संगठन को समय रहते सड़क के सुधार के लिए कदम उठाने चाहिए। सड़क ढहने के बाद इसे ठीक करने में काफी समय लग जाएगा।