जलस्रोतों में पानी का स्तर घटने पर रोटेशन पर पानी देगा विभाग, शेड्यूल भी तय
कुल्लू जिले में सूखे जैसे हालात के बीच घट गया है पेयजल स्रोतों का जलस्तर
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। इस साल कम बारिश-बर्फबारी और सूखे जैसे हालात का असर पेयजल योजनाओं पर दिखना शुरू हो गया है। सूखे जैसे हालात के कारण जिले में कई जगह पेयजल स्रोतों का जलस्तर कम हो गया है। इससे पेयजल आपूर्ति प्रभावित होने लगी है।
ऐसे में कुल्लू शहर के कुछ इलाकों में लोगों को अब रोटेशन पर पानी दिया जाएगा। जलशक्ति विभाग एक दिन छोड़कर पानी देने की यह व्यवस्था वीरवार से शुरू कर देगा। इसके लिए विभाग ने शेड्यूल भी तैयार कर लिया है। शहर के लिए खलाड़ानाला के प्राकृतिक स्रोत में पानी की आपूर्ति होती है। सूखे जैसे हालात के कारण इस स्रोत में पानी कम हो गया है। इससे लोरन, न्यू लोरन, बालक रूपी, गंगेड़ी, लोअर मठ, नजदीक गेमन पुल, नजदीक अन्नपूर्णा मंदिर, अपर मठ, लोअर सुल्तानपुर, अपर सुल्तानपुर क्षेत्रों को पानी की आपूर्ति सुचारू रूप से नहीं हो पा रही है। ऐसे में विभाग अब इन क्षेत्रों में एक दिन छोड़कर पानी उपलब्ध करवाएगा।
आज इन क्षेत्रों में मिलेगा पानी
विभाग 20 फरवरी को लोरन, न्यू लोरन, बालक रूपी, गंगेडी, लोअर मठ, गैमन पुल, अन्नपूर्णा मंदिर के साथ लगते क्षेत्र, भेखली मोड़ में पानी की आपूर्ति करेगा
कल यहां की जाएगी पानी की आपूर्ति
21 फरवरी को अपर मठ, लोअर सुलतानपुर, अपर सुल्तानपुर क्षेत्र में पानी दिया जाएगा। इसके बाद इसी क्रम में एक-एक दिन पेयजल की आपूर्ति की जाएगी।
रोटेशन पर पेयजल की आपूर्ति करने के लिए शेड्यूल बनाया गया है। इसी क्रम के अनुसार पानी वितरित किया जाएगा। जब तक पानी की समस्या का निवारण नहीं हो जाता, तब तक इसी व्यवस्था से पानी दिया जाएगा। उपभोक्ता पेयजल भंडारण को भरकर रखें और पानी का दुरुपयोग न करें। बारिश होने के बाद ही पेयजल स्रोत चार्ज होंगे।
- अंकित विष्ट, सहायक अभियंता, जल शक्ति विभाग