नेशनल हाईवे को बाढ़ से बचाने के लिए कदम उठाए जाना जरूरी
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। ब्यास में बाढ़ के कारण कुल्लू से मनाली के बीच नेशनल हाईवे-तीन को हो रहे नुकसान को लेकर फोरलेन संघर्ष समिति एवं कुल्लू फलोत्पादक मंडल चिंतित है। समिति का कहना है कि पुलिस लाइन बाशिंग से लेकर रामाबाई नाले तक ब्यास को गहरा किया जाए। साथ ही वामतट पर छरुड़ू में बाढ़ आने से बंद हो रही सड़क का स्थायी समाधान किया जाए।
सोमवार को बाशिंग में फोरलेन संघर्ष समिति एवं कुल्लू फलोत्पादक मंडल की संयुक्त प्रेस वार्ता में समिति के अध्यक्ष दिनेश सेन ने कहा कि ब्यास के तटीकरण को लेकर प्रपोजल बनी हैं। ब्यास की बाढ़ से नेशनल हाईवे-तीन प्रभावित हो रहा है। अगर बरसात में बाढ़ आने पर बाशिंग के समीप नेशनल हाईवे को क्षति पहुंचती है तो लेह-लद्दाख तक के लिए कोई सुविधा नहीं है। वैष्णो माता मंदिर के समीप नेशनल हाईवे बचाया जाना बहुत जरूरी है। इसके लिए सरकार जल्द प्रयास करे।
उन्होंने कहा कि बाशिंग में ही बिहाल नामक स्थान पर पुलिस लाइन, सार्वजनिक मैदान, जल शक्ति विभाग का परिसर, भारतीय खाद्य निगम का गोदाम, परिवहन निगम का क्षेत्रीय कार्यालय और कार्यशाला, एलपीजी गैस प्लांट, राफ्टिंग प्वाइंट आदि हैं। बाढ़ का खतरा कम करने के लिए यहां पुलिस लाइन से लेकर वैष्णो माता मंदिर के साथ आगे रामाबाई नाले तक ब्यास को गहरा कर इसके दोनों किनारों को बचाया जाए। सड़क बाधित होने पर बहाली में समय लग रहा है। इसलिए कुल्लू से मनाली के बीच रेड स्पॉट पर एनएचएआई मशीनरी और मजदूर तैनात रखे। संवाद