दरअसल पूर्व सरकार के कार्यकाल में लोन का आवंटन हुआ है। बैंस से हुईपूछताछ में जांच को आगे बढ़ाने के लिए विजिलेंस को कई अहम सबूत मिले हैं। निदेशक मंडल के सदस्यों के बाद बैंक के पूर्व चेयरमैन और प्रबंध निदेशक को विजिलेंस कार्यालय में पूछताछ के लिए बुलाया जाना है। पूछताछ में यह भी पता चला है कि आरोपी के खिलाफ विजिलेंस की ओर से दर्ज मामले की जानकारी नाबार्ड, इन्कम टैक्स, आरबीआई को दे दी गई है। उल्लेखनीय है कि मैसर्स हिमालय स्नो विलेज और होटल लेक पैलेस के मालिक बैंस पर आरोप है कि उसने बैंक स्टाफ से मिलीभगत कर फर्जी तरीके से लोन ले लिया।