कांगड़ा। विकास खंड कांगड़ा की ग्राम पंचायत सलाेल में 11 अप्रैल को नाले में मिले 100 से अधिक सरकारी सीमेंट के बैग के मामले का अभी तक पटाक्षेप नहीं हो पाया है। ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग और पुलिस विभाग के घटना के 21 दिन बाद भी हाथ खाली हैं। विभाग अभी तक यह पता नहीं लगा पाया है कि पंचायत सलाेल के वार्ड-5 के पास नाले में सरकारी सीमेंट के बैग किसने फेंके हैं और यहां पर सीमेंट फेंकने का किसी का क्या प्रायोजन था।
हालांकि उस समय के खंड विकास अधिकारी राजेश कुमार ने संज्ञान लेते हुए मामले के इस संबंध में तीन सदस्यीय एक कमेटी गठित की, जिसको मामले से संबंधित जानकारी इकट्ठी करने को कहा गया लेकिन कमेटी अभी तक मौके पर नहीं पहुंच पाई है और न ही मामले की कोई जानकारी हासिल कर पाई है। खंड विकास अधिकारी कांगड़ा ने पंचायत के किन-किन कामों के लिए कितने बैग सीमेंट के जारी किए गए थे और कितने बैगों का इस्तेमाल किया, इसकी सारी डिटेल सचिव से मांग कर पंचायत इंस्पेक्टर को इसकी पूरी जांच करने के लिए कहा है।
सलाेल पंचायत के वार्ड-5 में नाले में सरकारी सीमेंट के मामले में संबंधित खंड विकास अधिकारी कांगड़ा अपने स्तर पर जांच कर रहे हैं लेकिन मेरे पास अभी तक इसमें कोई भी रिपाेर्ट नहीं आई है।
-इशांत जसवाल, एसडीएम कांगड़ा
सरकारी सीमेंट मामले में विकास खंड अधिकारी कांगड़ा ने हमारी तीन सदस्यीय टीम गठित कर मामले की छानबीन के लिए कहा गया है। टीम जल्द ही मौके पर जाएगी और संबंधित पंचायत के कार्यों का रिकॉर्ड खंगाल कर इसकी रिपोर्ट खंड विकास अधिकारी सौंपेंगी।
-सुनील कुमार, पंचायत इंस्पेक्टर, खंड विकास कांगड़ा