देहरागोपीपुर (कांगड़ा)। कोरोना महामारी की दूसरी लहर के दौरान अस्पतालों में ऑक्सीजन की किल्लत होने पर केंद्र और प्रदेश की सरकारों ने बड़े अस्पतालों में ऑक्सीजन प्लांट स्थापित करने का फैसला लिया था। इसी कड़ी के तहत सिविल अस्पताल देहरा में भी एक ऑक्सीजन प्लांट को स्थापित करने की बात हुई है।
वर्ष 2021 के बीच सरकार ने निजी कंपनी के सहयोग से अस्पताल में ऑक्सीजन प्लांट स्थापित करने के लिए पूरी मशीनरी भेज दी, लेकिन लचर प्रशासनिक व्यवस्था के कारण सिविल अस्पताल देहरा में ऑक्सीजन प्लांट स्थापित नहीं हो पाया और अस्पताल में करीब छह माह से प्लांट की मशीनरी धूल फांक रही है। जानकारी के अनुसार सिविल अस्पताल देहरा में उपलब्ध ऑक्सीजन प्लांट को शुरू करने के लिए अस्पताल में करीब 11,22,220 रुपये की लागत से 250 केवी का नया ट्रांसफार्मर लगाया जाना है। इस पर विद्युत बोर्ड मंडल देहरा ने 22 अक्तूबर 2021 को नए ट्रांसफार्मर को स्थापित करने का एस्टीमेट बनाकर अस्पताल प्रशासन को बनाकर भेज दिया था। इसके बाद जिलाधीश कांगड़ा के कार्यालय से विद्युत बोर्ड से जानकारी भी ली गई। बावजूद इसके जिलाधीश कांगड़ा के कार्यालय में विद्युत बोर्ड की यह फाइल दब गई और आज दिन तक सिविल अस्पताल देहरा में 250 केवी का नया ट्रांसफार्मर नहीं लग पाया।
250 केवी की जगह स्थापित कर दिया 100 केवी ट्रांसफार्मर
सिविल अस्पताल देहरा के परिसर में 100 केवी का ट्रांसफार्मर स्थापित है, लेकिन अस्पताल इससे अधिक 130-140 किलोवाट बिजली खर्च कर रहा है। यदि बिजली बोर्ड इसी ट्रांसफार्मर से ऑक्सीजन प्लांट को बिजली की सप्लाई कर देता है तो सारे अस्पताल की बिजली गुल हो सकती है। ऑक्सीजन प्लांट को शुरू करने के लिए करीब 120 किलोवाट बिजली की आवश्यकता है। इसलिए बोर्ड अब अस्पताल परिसर में 250 केवी का नया ट्रांसफार्मर स्थापित करना चाहता है। इस विषय को लेकर मुख्य चिकित्सा अधिकारी कांगड़ा डॉ. गुरदर्शन सिंह का कहना है कि जैसे ही सरकार से बजट मंजूर हो जाएगा, ट्रांसफार्मर की रकम जमा करवा दी जाएगी।
पिछले साल अक्तूबर माह में अस्पताल प्रशासन को भेज दिया है एस्टीमेट : कुलदीप
विद्युत बोर्ड मंडल देहरा के अधिशासी अभियंता कुलदीप सिंह राणा ने बताया कि बोर्ड ने 11,22,220 रुपये का एस्टीमेट बनाकर पिछले साल अक्तूबर माह में अस्पताल प्रशासन को भेज दिया था। रकम मंजूर होते ही अस्पताल परिसर में नया ट्रांसफार्मर स्थापित कर दिया जाएगा।