नगरोटा सूरियां में एलीट ग्रुप हिमाचल प्रदेश कि बैठक में उपस्थित सदस्य (फोटो : संवाद)
बरियाल (कांगड़ा)। पठानकोट-जोगिंद्रनगर रेलमार्ग पर सभी सात ट्रेनों की बहाली की मांग को लेकर एलीट ग्रुप हिमाचल प्रदेश ने रेलवे संघर्ष समिति के 21 जून को रानीताल में प्रस्तावित धरना-प्रदर्शन का समर्थन देने का फैसला किया है। यह निर्णय वीरवार को नगरोटा सूरियां स्थित विश्राम गृह में प्रदेश संयोजक पीसी विश्वकर्मा की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में लिया गया। ग्रुप के सदस्य करतार सिंह ने रेलमार्ग की मरम्मत और रखरखाव के नाम पर प्रत्येक शुक्रवार को ट्रेनों की आवाजाही बंद रखने का मुद्दा उठाया और इसे यात्रियों के हितों के विपरीत बताया। सदस्य रामपाल धीमान ने विस्थापित परिवारों की लंबित मांगों और समस्याओं के समाधान की आवश्यकता पर जोर दिया।
इसके अलावा पौंग झील क्षेत्र में बढ़ते पर्यटन को देखते हुए गगल एयरपोर्ट से नगरोटा सूरियां तक डबललेन सड़क निर्माण की मांग भी रखी गई। साथ ही नगरोटा सूरियां को पौंग झील के मध्य स्थित रेंसर गढ़ी टापू से पुल के माध्यम से जोड़ने की मांग भी उठाई। पीसी विश्वकर्मा ने पौंग बांध विस्थापितों को परियोजना के लाभांश में रॉयल्टी देने और नगरोटा सूरियां से रेंसर गढ़ी होते हुए पौंग बांध स्थल तक सड़क निर्माण की मांग भी दोहराई। फौजा सिंह धीमान ने एचआरटीसी की बंद पड़ी जवाली-देहरा बस सेवा को दोबारा शुरू करने की मांग उठाई। ग्रुप ने मुख्यमंत्री से कर्मचारियों और पेंशनरों के लंबित एरियर तथा महंगाई भत्ते का भुगतान शीघ्र करने का आग्रह भी किया। बैठक में मुल्खराज वशिष्ठ, सुरजीत धीमान, करतार सिंह, रामपाल धीमान, जोगिंद्र चौधरी और फौजा सिंह धीमान सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।