टांडा में आयोजित भूकम्प रोधी एक कार्यशाला का शुभारम्भ करते मंत्री महेंद्र ठाकुर।
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नगरोटा बगवां (कांगड़ा)। अधिशासी अभियंता टांडा डॉ. सुरेश वालिया ने अभियंताओं को सुरक्षित भवनों के निर्माण, गुणवत्ता और भूकंप रोधी उपायों के बारे में बताया। कहा कि हमें ऐसे भवनों का निर्माण करना चाहिए जो अगर भूकंप आए तो नीचे न गिरें और जानमाल का नुकसान न हो। वह लोक निर्माण विभाग कांगड़ा जोन की ओर से टांडा मेडिकल कॉलेज के सभागार में करवाई गई कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे।
कार्यशाला का उद्घाटन जल शक्ति विभाग के मंत्री ठाकुर महेंद्र सिंह ने विधायक अरुण कुमार कूका, विधायक जोगिंद्रनगर प्रकाश राणा की उपस्थिति में किया। इस कार्यशाला में लगभग 350 अभियंताओं ने भाग लिया, जिसमें लोक निर्माण विभाग, जल शक्ति विभाग, हिमुडा, स्मार्ट सिटी, नगर परिषद, नगर निगम व खंड विकास विभाग के अभियंता शामिल रहे। कार्यशाला में डॉ. हेमंत विनायक, प्रो. एनटीटीआर चंडीगढ़ ने भूकंप विरोधी भवन व इनके पुनर्निर्माण पर अवगत करवाया।
मंत्री ने कार्यशाला के आयोजन पर विभाग की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन से गैर-सरकारी भवनों के भूकंप रोधी निर्माण में भी सहायता मिलेगी। विभाग ने लगभग 220 मिस्त्रियों को भी प्रशिक्षित किया। इसमें उन्हें टूल किट भी वितरित की। इसका समापन प्रमुख अभियंता लोक निर्माण विभाग इंजीनियर अर्चना ठाकुर ने किया तथा सभी इंजीनियरों से आग्रह किया कि वह सरकारी भवनों के साथ गैर-सरकारी भवनों को भी भूकंप रोधी बनाने में अहम योगदान दें।
इस मौके पर मुख्य अभियंता एनपी सिंह, ई. इंद्र सिंह, उत्तम अधीक्षण अभियंता इंद्र सिंह, मुख्य अभियंता जल शक्ति विभाग सुनील, अधीक्षण अभियंता जल शक्ति विभाग, प्रिंसिपल मेडिकल कॉलेज टांडा, डायरेक्टर राजीव गांधी इंजीनियरिंग कॉलेज पीपी शर्मा मुख्य रूप से उपस्थित रहे।