सिविल अस्पताल देहरा सड़क मार्ग पर टारिंग के दौरान रूकी हुई एंबुलेंस। स्रोत: इंटरनेट
देहरागोपीपुर (कांगड़ा)। सिविल अस्पताल देहरा से टांडा मेडिकल काॅलेज के लिए रेफर एक बुजुर्ग मरीज की बीच रास्ते में मौत हो गई। बुजुर्ग मरीज की मौत के स्पष्ट कारणों का पता अभी तक नहीं चल पाया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल पाएगा। यह भी स्पष्ट नहीं है कि मरीज की मौत एंबुलेंस के जाम में फंसने के कारण हुई लेकिन इस बीच बुधवार को देहरा बाजार का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इसमें सिविल अस्पताल देहरा को जाने वाली सड़क की टारिंग का काम चला हुआ है और एक एंबुलेंस नजर आ रही है।
वायरल वीडियो में एक व्यक्ति यह कहता हुआ सुनाई दे रहा है कि लोक निर्माण विभाग को इस व्यस्त सड़क पर सुबह या शाम को ही टारिंग का काम करना चाहिए या किसी रविवार वाले दिन काम करना चाहिए लेकिन संबंधित ठेकेदार ने इसे कामकाजी दिन में करके यातायात प्रभावित कर दिया है और एंबुलेंस को गुजरने में समस्या आई। बता दें कि सिविल अस्पताल देहरा को जाने वाली सड़क काफी व्यस्त सड़क है। टारिंग के समय एक तरफ का यातायात रुकने से बुधवार को बीच-बीच में जाम की स्थिति बनती रही। माना जा रहा है कि वायरल वीडियो भी स्थानीय व्यक्ति एवं दुकानदार ने ही बनाया है। इसमें जाम में फंसी एंबुलेंस सायरन बजाती सुनाई दे रही है और वाहन धीरे-धीरे आगे बढ़ते दिख रहे हैं।
हालांकि इस मार्ग पर यातायात को सुचारू तरीके से बनाए रखने के लिए पुलिस कर्मी की ड्यूटी भी लगाई गई थी। वहीं संबंधित एंबुलेंस में देहरा अस्पताल से टांडा अस्पताल रेफर किए 75 साल के बुजुर्ग मरीज की बीच रास्ते में मौत हो गई है। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि मरीज की मौत का एंबुलेंस के जाम में फंसने की चर्चाओं से कोई लेना-देना नहीं है।
विधाायक कमलेश ने ली मामले की जानकारी
देहरा से कांग्रेस विधायक कमलेश ठाकुर ने भी सारे मामले की जानकारी हासिल की और लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि व्यस्त सड़क पर वर्किंग डे पर काम न करके छुट्टी वाले दिन कार्य को अंजाम दिया जाए, ताकि लोगों को दिक्कत न हो।
विभाग और पुलिस टारिंग का दावा, जाम में नहीं फंसी थी एंबुलेंस
लोक निर्माण विभाग के एक्सईएन डाॅ. सुरेश वालिया का कहना है कि टारिंग के वक्त एंबुलेंस नहीं रुकी थी। तैनात पुलिस कर्मियों ने यातायात को सुचारू बनाए रखा। उधर, एसपी देहरा मयंक चौधरी का कहना है कि वीडियो वायरल होने के बाद एंबुलेंस चालक का बयान लिया है। इसमें उनका कहना है कि टारिंग के वक्त एंबुलेंस नहीं रुकी थी और यातायात भी सुचारू तरीके से चलता रहा।