इंस्पायर अवार्ड मानक योजना की आवेदन प्रक्रिया में इस बार लाहौल-स्पीति पिछड़ा गया है। ऊना जिले से 1,301 विद्यार्थियों ने आवेदन किया है। लाहौल-स्पीति से महज 25 विद्यार्थियों ने मॉडल बनाने के लिए अपने आइडिया दिए हैं। पूरे प्रदेश से 7,950 विद्यार्थियों ने आवेदन किया है। पूर्व में आवेदन कि लिए अंतिम तिथि 30 सितंबर रखी गई थी लेकिन कम आवेदनों के चलते इसे बढ़ाकर 15 अक्तूबर कर दिया गया था।
स्कूली बच्चों में रचनात्मकता और नई सोच को बढ़ावा देने के लिए केंद्र सरकार ने इंस्पायर अवार्ड मानक योजना शुरू की है। योजना में कक्षा छठी से दसवीं तक के छात्र-छात्राएं भाग लेते हैं। मॉडल बनाने के लिए विद्यार्थी अपने आइडिया देते हैं। विद्यार्थियों को विज्ञान विषय पर मॉडल तैयार करने के लिए 10-10 हजार रुपये की राशि प्रदान की जाती है। अब ऑनलाइन पोर्टल बंद हो गया है। मॉडलों के विभिन्न आइडियों को राष्ट्रीय स्तर पर भेजा जा चुका है। राष्ट्रीय स्तर पर इन मॉडल आइडिया की कमेटी जांच करेगी। इसके बाद उन्हें आगामी प्रक्रिया के लिए प्रेषित किया जाएगा। विद्यार्थियों के आइडिया चयनित होने के बाद विद्यार्थियों को मॉडल बनाने के सहायता राशि प्रदान की जाएगी। जिससे विद्यार्थी मॉडलों को तैयार करेंगे।
इंस्पायर अवार्ड मानक योजना में प्रदेशभर से 7,950 विद्यार्थियों ने मॉडल बनाने के लिए अपने आइडिया भेजे हैं। आवेदन प्रक्रिया में ऊना से 1,301, लाहौल-स्पीति से 25 विद्यार्थियों ने आवेदन किया है। विद्यार्थियों की सुविधा के लिए पोर्टल 15 अक्तूबर तक खोला गया था। अब राज्य स्तर पर मॉडलों की जांच होगी-
हेमंत कुमार, प्रधानाचार्य, एससीईआरटी सोलन।