हिमाचल को लद्दाख से जोड़ने वाला 435 किमी लंबा मनाली-लेह सामरिक मार्ग बुधवार से आधिकारिक तौर पर वाहनों के लिए बंद हो गया है। मनाली-लेह मार्ग पर ग्रांफू से रोहतांग दर्रा और ज़िंगजिंगबार से सरचू तक किसी भी प्रकार के वाहनों की आवाजाही अब नहीं होगी। रोमांचक सफर के लिए अब पर्यटकों को अगले साल तक का इंतजार करना होगा। वीरवार को भी जिंगजिंगबार से आगे वाहन नहीं गए।
गौर रहे कि लाहौल में पारा प्रतिदिन लुढ़क रहा है। ऐसे में सड़कों पर ब्लैक आइस जम रही है। ब्लैक आइस जमने से सड़क पर सफर जोखिम भरा हो गया है। अब यात्रियों को सरचू की तरफ सफर करने के लिए अगले साल गर्मियों का इंतजार करना होगा। सर्दियों के दौरान भारी बर्फबारी होने की सूरत में मनाली-लेह मार्ग में वाहनों की आवाजाही संभव नहीं होती। वहीं, लाहौल पहुंचने वाले पर्यटक अटल टनल रोहताग के नॉर्थ पोर्टल, सिस्सू, स्नो प्वाइंट यांगला, केलांग, उदयपुर, अवलोकितेश्वर मंदिर त्रिलोकनाथ, जिस्पा और दारचा पहुंचे। 13,050 फीट ऊंचे रोहतांग दर्रा की बजाय अन्य स्नो प्वाइंट पर पर्यटकों की आने वाले दिनों में चहल-पहल देखने को मिलेगी। लाहौल-स्पीति उपायुक्त किरण भड़ाना ने कहा कि मनाली-लेह मार्ग बंद होने की अधिसूचना जारी कर दी गई है। पर्यटकों से अपील की गई है कि प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें।