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हिंदी में भी उपलब्ध हों सामाजिक अध्ययन की पुस्तकें : संघ

Sun, 22 Mar 2026 01:05 AM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
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इच्छुक विद्यार्थियों को हिंदी माध्यम अपनाने का मिले विकल्प
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संवाद न्यूज एजेंसी
बिझड़ी (हमीरपुर)। राजकीय टीजीटी कला संघ ने कक्षा छठी की एकीकृत सामाजिक अध्ययन विषय की किताब को हिंदी माध्यम में भी उपलब्ध करवाने की मांग की है। संघ के महासचिव विजय हीर ने कहा कि सामाजिक अध्ययन विषय की किताब समाज का अध्ययन भारत और इसके आगे पढ़ाई जाएगी, जिसे अधिकांश स्कूलों में अंग्रेजी माध्यम में दिया है।
इस विषय में हिंदी माध्यम का विकल्प देना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि 12 सितंबर 2025 को शिक्षा विभाग की बैठक में सामाजिक अध्ययन में हिंदी माध्यम विकल्प देने का निर्णय हुआ था। इसके निर्देश शिक्षा बोर्ड को दिए गए थे। स्कूलों की हिंदी और अंग्रेजी माध्यम विकल्प की मांग को चेक करने के बाद उनको सामाजिक अध्ययन की पुस्तकें दी जाएं।
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सरकार द्वारा सत्र 2026-27 से कक्षा छठी में अंग्रेजी माध्यम प्रारंभ करने का निर्णय स्वागत योग्य है, लेकिन नई शिक्षा नीति के अनुसार इसे पढ़ाई का एकमात्र माध्यम बनाना उचित नहीं है। अधिकांश सरकारी स्कूलों में अंग्रेजी माध्यम में ही सामाजिक अध्ययन की किताबें कक्षा छठी के लिए आ रही हैं, जबकि अधिकतम विद्यार्थी इसे हिंदी माध्यम में पढ़ना चाहते हैं।
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कुछ विषयों की पाठ्य पुस्तकों की सप्लाई अब तक पूरी नहीं पहुंची है। यह सप्लाई भी शीघ्र दी जाए, क्योंकि शीतकालीन स्कूलों में सत्र फरवरी माह से शुरू हो चुका है। ऐसे में पाठ्य पुस्तकों की आवंटन प्रक्रिया भी समय पर पूर्ण की जाए। सीबीएसई स्कूलों में भी 31 मार्च तक पाठ्य पुस्तकों की खेप पहुंचाना सुनिश्चित की जाए।
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