हमीरपुर। राजकीय उच्च पाठशाला नालंगर में 14 माह पूर्व नए दो मंजिला भवन का निर्माण पूरा हो चुका है, लेकिन इस भवन की सुविधाओं का लाभ विद्यार्थियों को अभी तक नहीं मिल पा रहा है। नई इमारत में बिजली की व्यवस्था, फर्श और रंग रोगन का कार्य अभी तक पूरा नहीं हुआ है। अधूरा कामकाज के कारण लोक निर्माण विभाग ने भवन पर ताला लगा दिया है।
स्कूल में वर्तमान में छठी से दसवीं कक्षा तक 50 विद्यार्थी पढ़ाई कर रहे हैं। शिक्षा विभाग ने नए भवन के निर्माण के लिए 39.82 लाख रुपये का बजट स्वीकृत किया था, लेकिन निर्माण कार्य के लिए केवल 35 लाख रुपये का बजट जारी किया गया है। बजट की कमी के कारण सौंदर्यीकरण और अन्य आवश्यक कार्य पूरे नहीं हो सके हैं।
सरोज, पिंकी, जगदीश, प्रकाश, रणजीत, दौलत राम, निक्का सिंह, सुभाष और सीमा आदि अभिभावकों का कहना है कि बजट की कमी और विभागीय लापरवाही के कारण नव निर्मित भवन का उपयोग नहीं हो पा रहा है। बारिश के मौसम में भी विद्यार्थियों को बरामदे में टाट बिछाकर पढ़ाई करनी पड़ रही है। उन्होंने कहा कि शिक्षा विभाग से अतिरिक्त बजट जारी करने की कई बार मांग की गई, लेकिन अभी तक इस पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो पाई है।
उधर, राजकीय उच्च पाठशाला नालंगर के मुख्याध्यापक जीत सिंह ने कहा कि नया भवन बनकर तैयार हो गया है, लेकिन इसमें बिजली और सौंदर्यीकरण का कार्य पूरा नहीं हो पाया है। हमने लोक निर्माण विभाग को शीघ्र काम पूरा करने के निर्देश दिए हैं ताकि विद्यार्थियों को नए भवन की सुविधाएं मिल सकें।
बजट जारी न होने से भवन का निर्माण कार्य पूरा नहीं हो पाया है। शिक्षा विभाग ने भवन निर्माण कार्य के लिए 35 लाख रुपये का ही बजट ही मिला है। हालांकि निर्माण कार्य के लिए 39.82 लाख रुपये का बजट स्वीकृ त हुआ था लेकिन पूरा बजट जारी न होने से निर्माण कार्य पूरा नहीं हुआ है।
-संजय कटोच, एसडीओ पीडब्ल्यूडी, हमीरपुर
नालंगर स्कूल में पुरान जर्जर भवन। संवाद