हमीरपुर। निर्माणाधीन शिमला-मटौर फोरलेन के चीलबाहल कोटली पैच पर कसवाड़ गांव के संपर्क रास्ते ध्वस्त हो गए हैं। यहां पर कसवाड़, धौखड़ी, बली सस्त्र गांव के लोगों की जमीनों को जाने वाले रास्ते फोरलेन निर्माण के चलते बंद हो गए हैं।
रास्तों के आगे सीधे डंग लगा दिए गए हैं। दशकों से लोग इन रास्तों से होकर अपने खेत खलियान अथवा दूसरों गांव में पहुंचते थे, लेकिन अब रास्ते बंद हो गए हैं। कई जगह पर रास्तों के आगे मलबा फेंक दिया गया है, जिससे लोगों को आवागमन में दिक्कत पेश आ रही है। पशुओं को चारा लाने अथवा खेतों में कार्य करने के लिए जाने वाले रास्ते नहीं बचे हैं।
सुधार सभा कसवाड़ के प्रधान सुनील कुमार, स्थानीय लोगों हंसराज गौतम, जगत राम, अजीत सिंह, प्रताप सिंह, भागमल, बलदेव, अजय कुमार, विनोद कुमार सहित दर्जनों किसानों को खेतों में जाने के लिए रास्ते नहीं बचे हैं। इन किसानों का कहना है कि 18 अप्रैल को एसडीएम नादौन को इस विषय पर शिकायत सौंपी गई थी, लेकिन समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ है।
हालांकि, ओवरपास बनाए जाने से यहां पर समस्याओं का समाधान हो सकता है। जब इस फोरलेन से वाहनों की आवाजाही शुरू होगी तो हादसों का खतरा बना रहेगा। ऐसे में यहां पर ओवरपास की सुविधा देकर रास्तों की मरम्मत की जानी चाहिए और इन संपर्क रास्तों से आवाजाही सुनिश्चित की जानी चाहिए।
कोट
समस्या ध्यान में लाई गई है। जल्द ही मामले में उचित कदम उठाए जाएंगे, ताकि यहां पर किसानों और पशुपालकों को कोई दिक्कत पेश न आए।
-संजीत सिंह, एसडीएम, हमीरपुर
संपर्क रास्ते के आगे सड़क लगाया गया डंगा। जागरूक पाठक।- फोटो : mathura