भरेड़ी (हमीरपुर)। शारीरिक शिक्षकों के बिना स्कूलों में बच्चों का मानसिक, शारीरिक व बौद्धिक विकास नहीं हो रहा है। कई सरकारी स्कूलों में खेल का मैदान तक नहीं है। जहां पर खेल मैदान है, वहां पर नाम मात्र की सुविधाएं हैं।
कई सालों से शारीरिक शिक्षकों की भर्ती नहीं हुई है। सरकार स्कूलों में शारीरिक शिक्षकों की भर्ती करवाए। भोरंज में बेरोजगार शारीरिक शिक्षकों ने ऑनलाइन बैठक में यह मांग प्रदेश सरकार से रखी। बैठक में हमीरपुर से अरुण शर्मा, रवि शर्मा, सतीश कुमार, शिमला से सजंय कुमार, मंडी से विनय कौशल, कांगड़ा से संदीप कुमार सहित अन्य जिलों से भी बेरोजगार शारीरिक शिक्षकों ने भाग लिया। उन्होंने कहा कि शारीरिक शिक्षकों के सैकड़ों पद खाली हैं। इन पदों को जल्द भरा जाए।
हर स्कूल में शारीरिक शिक्षक हो और बच्चों को हर खेल का प्रशिक्षण दिया जा सके। उन्होंने कहा कि शारीरिक शिक्षा को विषय के तौर पर पढ़ाया जाता है, लेकिन कई स्कूलों में शारीरिक शिक्षा विषय शुरू ही नहीं किया गया। सरकार ने स्कूल अपग्रेड तो कर दिए, लेकिन इसमें शारीरिक शिक्षक का पद भरने के लिए 30 फीसदी छात्र संख्या की शर्त लगा दी। ऐसे में यह पद भरे ही नहीं गए। मिडल व हाई स्कूलों में पीईटी के चार हजार के करीब पद रिक्त चल रहे हैं।