चंबा। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय चांजू में अग्रेजी, इतिहास, कला अध्यापक, शारीरिक शिक्षक , टीजीटी नॉन मेडिकल सहित क्लर्क और अधीक्षक के पद एक वर्ष से खाली पड़े हैं। इसका खामियाजा दूरदराज पंचायतों से पैदल आवाजाही करके स्कूल पहुंच रहे 424 विद्यार्थियों को भुगतना पड़ रहा है। साथ ही स्कूल में तैनात प्रवक्ताओं की भी दिक्कतें बढ़ रही हैं।
अभिभावकों का मानना है कि पिछले वर्ष सभी अध्यापकों समेत प्रवक्ता भी तैनात थे लेकिन बारी-बारी सभी का तबादला दूसरे स्कूलाें में कर दिया गया। ऐसे में एक वर्ष बीत चुका है लेकिन, खाली पदों को शिक्षा विभाग की ओर से नहीं भरा गया है। कहा कि सरकार स्कूलों का दर्जा तो बढ़ा रही है लेकिन प्रवक्ताओं की तैनाती नहीं की जा रही है। आलम यह है कि चांजू विद्यालय में तैनात प्रधानाचार्य और अन्य प्रवक्ता ही बच्चों को पढ़ाने को मजबूर हैं। इससे कार्यालय के कार्यों समेत बच्चों की पढ़ाई पर भी असर पड़ रहा है।
स्कूल प्रबंधन समिति के अध्यक्ष अशोक कुमार और अभिभावकों शीला देवी, ऊषा देवी, भावना कुमारी, रोशन लाल, किशोरी लाल और हेम राज का कहना है कि कई बार लिखित प्रस्ताव भी शिक्षा विभाग को भेजे जा चुके हैं बावजूद इसके समस्या का समाधान नहीं किया जा रहा है। नतीजतन, अब उन्हें खाली पदों के चलते अपने बच्चों के भविष्य की चिंता सता रही है। उन्होंने प्रदेश सरकार और शिक्षा विभाग से मांग की है कि जल्द रिक्त पदों को भरा जाए।
प्रधानाचार्य भीम राज ने बताया कि स्कूल में प्रवक्ताओं समेत अन्य अध्यापकों की कमी के चलते बच्चों को पढ़ाई करवाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
उच्च शिक्षा उपनिदेशक प्यार सिंह चाढ़क ने बताया कि जिले में काफी स्कूल हैं जहां प्रवक्ताओं के पद रिक्त चल रहे हैं। बताया कि इसके बारे में शिक्षा विभाग के उच्चाधिकारी को अवगत करवाया गया है।