चंबा। पंडित जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज के टीबी अस्पताल में दो दिन बाद रोजाना 70 सिलिंडर ऑक्सीजन तैयार करने वाला प्लांट शुरू हो जाएगा। प्लांट के चालू होते ही साठ बिस्तरों वाला कोविड अस्पताल शुरू कर दिया जाएगा।
साठ बिस्तरों वाले कोविड अस्पताल में हर बेड तक ऑक्सीजन की सीधी सप्लाई पहुंचाई जाएगी। इसके लिए अस्पताल में ऑक्सीजन पहुंचाने के लिए पाइप लाइन भी बिछाई जा चुकी है। कोरोना संक्रमित मरीजों को आवश्यकता होने पर समय पर ऑक्सीजन उपलब्ध हो सकेगी।
विशेषज्ञों के मुताबिक कोरोना की तीसरी लहर आना संभावित है। इसलिए मेडिकल कॉलेज प्रबंधन ने कोरोना मरीजों को बेहतर इलाज मुहैया करवाने के लिए टीबी अस्पताल में कोविड अस्पताल की व्यवस्था की है। हालांकि, मेडिकल कॉलेज में पहले ही अस्सी बेड का डीसीएच चलाया जा रहा है लेकिन, कोरोना की तीसरी लहर में छोटे बच्चों के ज्यादा संक्रमित होने का खतरा बताया जा रहा है। इसके लिए प्रबंधन ने अपनी तैयारियां पहले ही पूरी कर ली हैं।
बेड की क्षमता बढ़ाने के लिए टीबी अस्पताल में अब साठ बिस्तरों वाला कोविड अस्पताल बनाया गया है, जहां ऑक्सीजन की कमी दूर करने के लिए अलग से ऑक्सीजन प्लांट की व्यवस्था की गई है।
हालांकि, मेडिकल कॉलेज में संचालित डीसीएच (जिला कोविड अस्पताल) में ऑक्सीजन की सप्लाई पहले बनाए गए प्लांट से की जा रही है। ऐसे में अब नए कोविड अस्पताल के संचालन में ऑक्सीजन की कमी नहीं खलेगी। कोरोना की तीसरी लहर से निपटने के लिए प्रबंधन ने सरकार से दस शिशु रोग विशेषज्ञ और पचीस मेडिकल ऑफिसर भेजने की मांग की है, जिन्हें जल्द सरकार चंबा में कोविड ड्यूटी के लिए भेज सकती है।
चिकित्सा अधीक्षक डॉक्टर देवेंद्र कुमार ने बताया कि टीबी अस्पताल के पास ऑक्सीजन प्लांट बनकर तैयार हो चुका है। दो दिन में ऑक्सीजन की सप्लाई सुचारु हो जाएगी।
मेडिकल कॉलेज प्राचार्य डॉक्टर रमेश भारती ने बताया कि कोरोना की तीसरी लहर से निपटने के लिए प्रबंधन ने तैयारियां पूरी कर ली हैं। कोरोना संक्रमितों के इलाज में किसी प्रकार की कमी न रहे, इसको लेकर प्रबंधन पूरे इंतजाम कर रहा है। कोरोना संक्रमितों के लिए ऑक्सीजन प्लांट वरदान साबित होगा।