सिहुंता (चंबा)। कोरोना संक्रमण के बढ़ते आंकड़ों को देख भटियात प्रशासन ने सिहुंता पंचायत को सील कर दिया है। सील की गई पंचायत में लोगों के घरों से बाहर निकलने और चार लोगों के एक साथ एकत्रित होने पर पाबंदी लगाई गई है। नियमों की अवहेलना करने पर उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा पंचायत के साथ लगती ग्राम पंचायत छलाड़ा, कामला, गरनोटा और मोरठू को बफर जोन बनाया गया है। हालांकि, इन पंचायतों में कुछ रियायतों के साथ आवाजाही जारी रहेगी।
गौरतलब है कि जिले में कोरोना की दूसरी लहर से अधिक लोग संक्रमित हो रहे हैं। ऐसे में लोगों को कोरोना संक्रमण से बचाने के लिए प्रशासन अलर्ट हो गया है। जबकि, फ्रंट लाइन वर्कर जैसे प्रशासनिक अधिकारी, कर्मचारी, पुलिस, स्वास्थ्य, पंचायत प्रतिनिधि, अध्यापक वर्ग पूरी मुस्तैदी के साथ अपनी ड्यूटी का निर्वहन कर रहे हैं। बावजूद इसके बढ़ते कोरोना मामलों को लेकर प्रशासन की चिंता भी बढ़ गई है। ऐसे में विधानसभा क्षेत्र भटियात के तहत ग्राम पंचायत सिहुंता में कोरोना के कई मामले सामने आने के बाद अब पंचायत को सील कर दिया गया है। पंचायत में लोगों के घरों से बाहर निकलने पर पाबंदी लगाई गई है। लोगों को जरूरत का सामान जैसे खाद्य सामग्री, दवाइयां और राशन घर-द्वार ही मुहैया करवाने का जिम्मा पंचायत प्रतिनिधियों को सौंपा गया है।
सिहुंता के नायब तहसीलदार भूपेंद्र कश्यप ने बताया कि सिहुंता पंचायत को सील कर दिया गया है। जबकि, साथ लगती ग्राम पंचायत छलाड़ा, कामला, गरनोटा और मोरठू को बफर जोन बनाया गया है। इन पंचायतों में ग्रामीणों को कुछ रियायतें प्रदान की गई हैं। कहा कि कोविड की चेन को तोड़ने के लिए नियमों का पालन करना सभी के लिए अनिवार्य है।