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जंगली जानवरों से बचाएगी, अवैध कटान भी रोकेगी रेपिड रिस्पांस टीम
टीम के पास रहेंगे जानवरों को बेहोश करने वाली ट्रेंकुलाइजर गन के अलावा अन्य हथियार
रिहायसी बस्ती में घुसने पर तुरंत जंगली जानवरों को रेस्क्यू करेगी रेपिड रिस्पांस टीम
डीएफओ होंगे टीम के लीडर, रेंज ऑफिसर, बीओ सहित वन रक्षक भी रहेंगे शामिल
प्रवीण कुमार
चंबा। जिला चंबा में पहली बार रेपिड रिस्पांस टीम जंगली जानवरों से लोगों की जान बचाने के साथ अवैध कटान भी रोकेगी। टीम के पास जंगली जानवरों को बेहोश करने के लिए ट्रेंकुलाइजर गन के साथ खुद की सुरक्षा के लिए हथियार और अन्य जरूरी उपकरण होंगे। इससे टीम जंगल की सुरक्षा के दौरान जानवरों और शरारती तत्वों की टीम से भी अपना बचाव कर सकेगी। इस टीम को विभाग की तरफ से वाहन भी दिया गया है। इसी वाहन के जरिये टीम तुरंत रेस्क्यू करने के लिए रवाना होगी।
चंबा जिले में वन्य जीवों के साथ आम लोगों का सामना होता रहता है। कई बार सांप सहित अन्य वन्य जीव लोगों के घरों में घुस जाते हैं। ऐसे हालात में जंगली जानवरों को रेस्क्यू करने के लिए यह रेपिड रिस्पांस टीम कार्य करेगी। आठ साल पहले सरकार ने चंबा में इस टीम को सक्रिय करने के निर्देश जारी किए थे। जिले में विभाग आठ सालों में इस टीम को सक्रिय नहीं कर पाया। अब मुख्य वन अरण्यपाल ने विभाग की इस आरआरपी टीम को सक्रिय कर दिया है।
रेपिड रिस्पांस टीम के लीडर के तौर पर डीएफओ जिम्मेदारी संभालेंगे। उनके साथ टीम में वन परिक्षेत्र अधिकारी, वन खंड अधिकारी सहित वनरक्षक शामिल रहेंगे। जंगली जानवरों का लोगों से आमना-सामने होने पर तुरंत सक्रियता दिखाने के साथ टीम जंगलों से संबंधित अन्य बचाव कार्यों में भी सक्रियता दिखाएगी। जैसे जंगल से कोई पेड़ गिरकर सड़क पर गिर जाता है। तब भी यह टीम उस पेड़ को वहां से हटाकर यातायात को सुचारू करवाएगी।
मुख्य वन अरण्यपाल अभिलाष दामोदरन ने बताया कि रेपिड रिस्पांस टीम को ट्रेंकुलाइजर गन के साथ अन्य हथियार और उपकरण दिए जाएंगे। यह टीम वन विभाग से संबंधित सभी रेस्क्यू करने में अपनी अहम भूमिका निभाएगी।