चांजू (चंबा)। देहरा पंचायत में मनरेगा के तहत लगाए जाने वाले जिन पौधों की सप्लाई की गई है, वे फलने लायक ही नहीं हैं। इसलिए लोगों ने इन पौधों को लेने से इनकार कर दिया है। लोगों ने उत्तम किस्म के पौधे मंगवाने की बात कही है।
पंचायत की भूमि में सेब का बगीचा तैयार करने के साथ ही सरकारी भूमि में जानवरों के लिए फलदार पौधे लगाने का प्रावधान किया गया है। इसके लिए मनरेगा के तहत देहरा पंचायत में दस लाख की धनराशि व्यय की जा रही है। कुछ दिन पहले पंचायत में तीन हजार सेब के पौधों की सप्लाई पहुंची। जब लोगों ने इन पौधों को देखा तो उनकी जड़ें सूख चुकी थीं। उसकी वीडियो बनाकर पंचायत प्रधान और सचिव को भेजी गई। ग्रामीणों का कहना है कि जिन पौधों की जड़ें ही सूख चुकी हैं, ऐसे पौधे किस प्रकार से फल-फूल पाएंगे।
ग्रामीणों ने मांग की है कि पौधरोपण का सही समय आने पर उत्तम किस्म के पौधे मंगवाकर पंचायत और सरकारी भूमि पर पौधरोपण किया जाए। भूरी सिंह, प्रेम चंद, पान सिंह, पालो, हरिदास और लेखराज ने जिला प्रशासन और पंचायत से मांग की है कि उत्तम किस्म के पौधे उपलब्ध करवाए जाएं।
पंचायत प्रधान चैन लाल ने बताया कि जिस नर्सरी को पौधों की सप्लाई देने के लिए कहा गया था, वहां से सूखे पौधों की सप्लाई की गई है। इन पौधों को वापस कर दिया गया है। पौधरोपण का सही समय आने पर उत्तम किस्म के पौधे सरकारी भूमि पर लगाए जाएंगे।