मणिमहेश में पार्किंग व श्रद्धालुओं की गिनती करने वाली संस्था को प्रशासन ने महज चौबीस घंटे बाद ब्लैकलिस्ट कर दिया है।
संस्था से प्रशासन ने जरूरी औपचारिकताएं पूरी करने को कहा था जिसमें साढ़े तीन लाख रुपये धरोहर राशि के रूप में जमा करवाने थे। लेकिन ठेका हासिल करने वाली संस्था यह रकम और औपचारिकता पूरी नहीं कर पाई। प्रशासन ने पांच साल तक संबंधित संस्था को कोई भी जिम्मेदारी न सौंपने की बात कही है। प्रशासन ने अब नियम के मुताबिक दूसरे नंबर पर रहने वाली संस्था को ठेका देने के लिए बुलाया है। गुई नाला में यात्रियों के पंजीकरण के लिए अब शिव भूमि संस्था खड़ामुख को निमंत्रण दिया गया है। जबकि कलसूई में वाहनों की पार्किंग व गिनती के लिए विजय कुमार को आमंत्रित किया गया है।
प्रशासन ने साफ कर दिया है कि मणिमहेश यात्रा के नजदीक होते अब दोबारा से टेंडर प्रक्रिया नहीं की जा सकती है। प्रशासन दूसरे या तीसरे नंबर पर आने वाले बोलीदाता को मौका देगा। अतिरिक्त दंडाधिकारी भरमौर विनय धीमान ने पुष्टि करते हुए बताया कि वाहन व श्रद्धालुओं के पंजीकरण का ठेका दो प्रतिशत पर हासिल करने वाली फर्म जरूरी औपचारिकताएं पूरी नहीं कर पाई। जिसकी वजह से उसे ब्लैकलिस्ट कर दिया गया है। अब आगामी पांच साल तक यह संस्था भरमौर में मणिमहेश से जुड़े किसी भी काम में हिस्सा नहीं ले पाएगी।