चंबा। जिले में बारिश के दूसरे दिन बाद भी जनजीवन अस्त-व्यस्त रहा। मंगलवार को तेज धूप खिलने के बाद जिले में कई जगह भूस्खलन हुआ। इसके चलते 56 सड़कों पर यातायात व्यवस्था ठप पड़ा हुआ है। विस क्षेत्र भटियात के भादर कलाह में मंगलवार को निर्माणाधीन मकान जमींदोज हो गया। नतीजतन, प्रशासन ने दो परिवारों के पांच सदस्यों को स्कूल में शिफ्ट किया है।
वहीं, जिले के विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में हुए नुकसान का जायजा लेने के लिए प्रशासनिक टीमें गांव-गांव पहुंच गई हैं। गौरतलब है कि मौसम के बिगड़ते मिजाज को भांपते हुए जिला प्रशासन ने अलर्ट जारी किया है। सोमवार को मूसलाधार बारिश के चलते जिले में 27 गोशालाएं ढही तो वहीं 26 मकानों सहित चार गोशालाएं आंशिक तौर पर क्षतिग्रस्त हुई हैं। इसके अलावा मंगलवार को चंबा-मनाली, चंबा-घरमाणी, चंबा-मंगली, चंबा-लड्डन-कैंथली मार्ग भूस्खलन से बंद होने के कारण इन रूटों पर एचआरटीसी की चार बसें फंसी रही। इससे एचआरटीसी चंबा डिपो को करीब साठ लाख का नुकसान उठाना पड़ा।
वहीं, लोनिवि मंडल डलहौजी में 24, चंबा में 15, भरमौर में 12, तीसा में 4 और सलूणी में एक मार्ग बाधित पड़ा है। इसके चलते लोगों को आवाजाही करने में परेशानी हो रही है। उपायुक्त ने बताया कि जिले में बारिश के चलते हुए नुकसान का आकलन तैयार किया जा रहा है। कहा कि मौसम के पूर्वानुमान के तहत लोग नदी-नालों और खड्ढों की ओर न जाएं। खासकर सैलानियों से उफनते नदी-नालों की ओर रुख न करने की अपील की है।