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मेडिकल कॉलेज की कैंटीन में बनने वाली बूंदी का सैंपल फेल

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sample test fail - फोटो : demo pic
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अमर उजाला ब्यूरो

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चंबा। पंडित जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में प्रशिक्षुओं को परोसे जाने वाले खाद्य पदार्थ का सैंपल फेल हो गया है। इसको लेकर स्वास्थ्य विभाग ने कैैंटीन संचालक को नोटिस जारी कर दिया है। नोटिस मिलने के बाद कैंटीन संचालक को स्वास्थ्य विभाग के खाद्य सुरक्षा विभाग को जवाब देना होगा। यहां पर उसके खिलाफ आगामी कार्यवाई में होगी। स्वास्थ्य टीम ने एक माह पहले मेडिकल कॉलेज की कैंटीन से तीन खाद्य पदार्थों चने की दाल, सेवियां और बूंदी के सैंपल भरे थे।

इसमें दो सैंपल पास हो गए। मगर बूंदी का सैंपल गुणवत्ता में फेल हो गया। इसे मिस ब्रांडेड घोषित किया गया है। बूंदी को दही में मिलाकर दही पकौड़ी के रूप में प्रशिक्षुओं को परोसा जाता था। मेडिकल कॉलेज में दूसरा सेशन शुरू होने के बाद 200 प्रशिक्षु हो गए हैं। जो इसी कैंटीन से खाना खाते हैं। मेडिकल कॉलेज की जिस कैंटीन से स्वास्थ्य टीम ने खाद्य पदार्थों के सैंपल भरे थे। वहां से एमबीबीएस प्रशिक्षुओं के लिए खाना बनता है।
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इसी खाने को प्रशिक्षु सुबह और रात को खाते हैं। ऐसे में खाद्य पदार्थ का सैंपल फेल होने से एमबीबीएस प्रशिक्षुओं में भी हड़कंप मच गया है। जिला खाद्य सुरक्षा नामित अधिकारी महेश कश्यप, जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी दीपक आनंद सहित विजिलेंस की टीम ने एक माह पहले मेडिकल कॉलेज की कैंटीन में दबिश दी थी। उनके पास कैंटीन को लेकर काफी शिकायतें मिल रही थी। इस दौरान स्वास्थ्य टीम ने कैंटीन में रखी गली सड़ी सब्जियों को भी फिंकवा दिया था। इसके साथ ही सफाई व्यवस्था को सुधारने के निर्देश दिए थे। इस दौरान तीन सैंपल भी गुणवत्ता जांचने के लिए भरे गए थे। इसकी रिपोर्ट स्वास्थ्य विभाग के पास मंगलवार शाम को पहुंची है। रिपोर्ट में जिस वस्तु का सैंपल फेल हुआ है। उसे प्रशिक्षुओं का परोसने से मना कर दिया गया है। साथ ही मामले की आगामी जांच जारी है।
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तीन सैंपलों में से एक सैंपल फेल : महेेश कश्यप
जिला खाद्य सुरक्षा नामित अधिकारी महेश कश्यप ने बताया कि एक माह पहले मेडिकल कॉलेज की कैंटीन से तीन सैंपल लिए गए थे। इसमें से एक सैंपल फेल हो गया है। कैंटीन संचालक को नोटिस जारी किया गया है। इस खाद्य पदार्थ को परोसने पर भी रोक लगाई गई है। ताकि प्रशिक्षुओं की सेहत पर बुरा असर न पड़े।

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