राज्य सरकार को केंद्रीय बजट से कई उम्मीदें है। केंद्र में स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा हिमाचल से हैं। ऐसे में हिमाचल के लोग उनसे हिमाचल में बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए आस लगाए हुए हैं। हमीरपुर में बनने वाले प्रदेश के पहले कैंसर संस्थान के लिए केंद्र से बजट मिलने की आस है।
इस संस्थान में इंडियन काउंसिल मेडिकल रिसर्च की मदद से प्रदेश में बढ़ रहे कैंसर के मरीजों के कारणों का पता लगाया जा सकेगा। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू इस मामले को लेकर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा से भी मुलाकात कर चुके हैं। प्रदेश सरकार जल्द इस प्रोजेक्ट को धरातल पर उतारने की योजना तैयार कर रही है। स्वास्थ्य विभाग ने प्रोजेक्ट केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय को सौंप रखा है।
वहीं, स्वास्थ्य क्षेत्र में छह मेडिकल कॉलेजों का आधारभूत ढांचा विकसित करने के साथ साथ नए कॉलेज बनाए जाने की भी आस है। बिलासपुर एम्स का दायरा बढ़ाने के साथ-साथ मशीनें स्थापित करने को लेकर भी हिमाचल के लोगों उम्मीद जगी है। नेशनल हेल्थ मिशन को आगामी पांच साल के लिए जारी रखने का फैसला किया है। ऐसे में एनएचएम में हिमाचल के लिए अतिरिक्त बजट का असर देखने को मिल सकता है।
वहीं, हिमाचल में फोरलेन के प्रोजेक्ट पहले से ही चल रहे हैं। इसके विस्तार और प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के चौथे चरण में चार हजार करोड़ रुपये के राजस्व की उम्मीद राज्य सरकार को रहेगी। राज्य में केंद्र की मदद से स्वास्थ्य से जुड़ी योजनाओं को तेजी मिलने की संभावना बढ़ गई है।