-पुलिस ने मौके पर पहुंचकर की युवकों की पहचान
-लोगों की बढ़ी चिंता, प्रशासन से की सख्त कार्रवाई की मांग
संजीव शर्मा, घुमारवीं। घुमारवीं में नशे की लत एक विकराल समस्या बनती जा रही है, जो न केवल युवाओं के भविष्य को अंधकारमय कर रही है बल्कि समाज में असुरक्षा की भावना भी बढ़ा रही है। वीरवार सुबह शहर के बीचों-बीच शिमला-धर्मशाला राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे दो युवक नशे की हालत में बेहोशी की अवस्था में पाए गए। यह दृश्य देख स्थानीय लोगों में चिंता बढ़ गई और उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी।
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। मौके पर पहुंचे पुलिस अधिकारियों ने पाया कि दोनों युवकों में से एक की हालत अत्यंत गंभीर थी और वह पूरी तरह बेहोश था, जिससे उससे कोई बातचीत संभव नहीं हो पाई। पुलिस ने काफी प्रयासों के बाद उनके पास पड़े मोबाइल फोन के जरिए उनकी पहचान की और उनके परिजनों को सूचित किया। इसके बाद दोनों युवकों को सुरक्षा के साथ उनके घर पहुंचाया गया। इस घटना के बाद घुमारवीं के लोगों में चिंता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि नशे का प्रचलन लगातार बढ़ रहा है, लेकिन प्रशासन इस पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं कर रहा। आरोप लगाया कि शहर के कई इलाकों में नशे का अवैध व्यापार खुलेआम हो रहा है। चिट्टे जैसे सिंथेटिक नशे के साथ-साथ अवैध शराब की बिक्री भी इस समस्या को और गंभीर बना रही है, जिससे युवा पीढ़ी बर्बादी की ओर बढ़ रही है। वहीं अगर पुलिस को इसकी सूचना देते हैं तो पुलिस के ही लोग सूचना देने वाले का नाम नशा माफिया तक पहुंचा देते हैं। ऐसे में नशे पर अंकुश लगाना कैसे संभव होगा।
लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि नशे के खिलाफ व्यापक अभियान चलाया जाए और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगाई गई तो इसके गंभीर सामाजिक परिणाम हो सकते हैं। लोगों ने पुलिस और प्रशासन से आग्रह किया कि नशे के सौदागरों को पकड़कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि घुमारवीं को इस भयावह समस्या से बचाया जा सके।
घुमारवीं में हाईवे किनारे पड़ा नशे में धुत्त युवक। संवाद