चार गेट 10 फीट तक खोले, वीरवार को 85 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा
लगातार बढ़ रहा है गोबिंद सागर झील का जलस्तर
.बारिश थमने पर जलस्तर में कमी की है संभावना
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। प्रदेश में लगातार हो रही बारिश ने पंजाब और हिमाचल प्रदेश दोनों के लिए खतरे की घंटी बजा दी है। भाखड़ा बांध का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है और बुधवार को यह 1679 फीट तक पहुंच गया। खतरे का निशान 1680 फीट है, यानी अब केवल 1 फीट की दूरी बची है।
भाखड़ा बांध प्रबंधन के अनुसार प्रतिदिन लगभग 1.10 लाख क्यूसेक से ज्यादा पानी बांध में जमा हो रहा है। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए हर दिन करीब 85 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। इसके लिए बांध के चार गेट खोल दिए गए हैं, जिन्हें 10 फुट तक ऊपर उठाया गया है।
जलस्तर लगातार बढ़ने की स्थिति में और अधिक पानी छोड़ना जरूरी हो जाएगा। अगर बारिश का सिलसिला जारी रहा, तो स्थिति और गंभीर हो सकती है। पिछले साल इसी समय भाखड़ा का जलस्तर 1639.66 फुट दर्ज किया गया था, जबकि इस बार यह स्तर काफी अधिक है। 21 जून से अब तक बांध में 47.54 लाख क्यूसेक पानी जमा हुआ है, जबकि 30.53 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा जा चुका है। भाखड़ा बांध का जलस्तर बढ़ने से गोबिंद सागर झील का स्तर भी लगातार ऊपर जा रहा है। वर्तमान में कोल डैम से पानी टरबाइन की बजाय स्पिल वे के माध्यम से छोड़ा जा रहा है। पीछे से 83 हजार क्यूसेक पानी झील में पहुंच रहा है, जिससे झील का जलस्तर और बढ़ गया है। बिलासपुर शहर के धौलरा वार्ड में वीरवार को झील का पानी घरों से 10 फीट दूरी पर पहुंच गया है। जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे गोबिंद सागर झील के किनारों के पास न जाएं और पूरी सतर्कता बरतें। किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए प्रशासन ने निगरानी तेज कर दी है। प्रबंधन का कहना है कि अगर बारिश थमती है तो भाखड़ा बांध और गोबिंद सागर झील का जलस्तर धीरे-धीरे कम हो जाएगा, जिससे हालात में सुधार की उम्मीद है।