- पीड़ित व्यक्ति की ओर से परिजनों ने डीएसपी को सौंपा शिकायत पत्र
संवाद न्यूज एजेंसी
भराड़ी(बिलासपुर)। उप तहसील भराड़ी के तहत लंजता गांव के व्यक्ति का आयुष्मान कार्ड फर्जी निकलने का मामला पुलिस के पास पहुंच गया है। पीड़ित व्यक्ति के परिजनों ने इस संबंध में डीएसपी घुमारवीं को शिकायत पत्र सौंप कर जांच करने की मांग की है। शिकायत पत्र में गांव के कुछ अन्य लोगों के आयुष्मान कार्ड बंद होने का जिक्र भी किया गया है।
शिकायत पत्र में बताया गया है कि सुरेश कुमार ने भराड़ी स्थित लोकमित्र केंद्र में आयुष्मान कार्ड बनवाया था। उस आयुष्मान कार्ड को चंडीगढ़ पीजीआई में फर्जी बताया गया है। सुरेश कुमार की पत्नी कई साल से बीमार रहती है। उसे पैरालिसिस अटैक हुआ था। पत्नी के बीमार होने के बाद सुरेश कुमार खुद घर के रोजमर्रा के काम करते थे। सुरेश कुमार एक दिन किसी काम से दधोल चौक गए थे। वहां पर उसके सीने में दर्द हुआ और बेहोश हो गए। परिजनों ने एम्स से रेफर करने के बाद उन्हें चंडीगढ़ पीजीआई पहुंचाया, जहां आयुष्मान कार्ड फर्जी निकला है। इस कारण दो लाख रुपये इलाज के खर्च हुए।
शिकायतकर्ता के अनुसार आयुष्मान कार्ड फर्जी निकलने के बाद अब उन्हें रिश्तेदारों के दो लाख रुपये चुकाने हैं। यदि आयुष्मान कार्ड फर्जी न होता तो उपचार मुफ्त में हो जाता। सुरेश कुमार के मुताबिक जिस दिन उन्होंने अपना आयुष्मान कार्ड बनवाया था उस दिन गांव के दो अन्य लोगों ने भी आयुष्मान कार्ड बनवाए थे। उन लोगों ने अब अपने आयुष्मान कार्ड जांच कराए तो वह भी बंद निकले। उधर, डीएसपी घुमारवीं चंद्रपाल सिंह ने बताया कि आयुष्मान कार्ड से संबंधित शिकायत पत्र मिला है, उसकी जांच की जाएगी।