ग्राम पंचायत औहर में शुरू हुआ राजाओं के समय का कुआं और मौजूद पंचायत प्रतिनिधि व अन्य। संवाद
औहर पंचायत प्रधान की मेहनत लाई रंग, मीठे पानी से भरा कुआं
कुआं बन चुका था कूड़े फेंकने का अड्डा
संवाद न्यूज एजेंसी
भगेड़ (बिलासपुर)। ग्राम पंचायत औहर में ठाकुरद्वारा के पास लुप्त हो चुके प्राचीन कुएं को पुनर्जीवित कर पंचायत ने अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत किया है। पंचायत प्रधान प्रेमलता ठाकुर की दूरदर्शी सोच और मेहनत इस कार्य में रंग लाई है।
औहर पंचायत में राजाओं के समय का यह कुआं दशकों से सूख चुका था। किसी ने भी इस कुएं का जीर्णोद्धार तो दूर, रखरखाव करना भी उचित नहीं समझा। अनदेखी के चलते लोगों ने इसे कूड़ादान बना दिया था। हैरानी की बात है कि इसमें न सिर्फ कूड़ा कचरा डाला गया, बल्कि मृत पशुओं को भी इसमें फेंका गया। गर्मियों में कुएं और पानी के महत्व को समझते हुए प्रधान प्रेम लता ठाकुर ने कुएं के जीर्णोद्धार का जिम्मा उठाया। हालांकि इस कार्य को करना आसान नहीं था। प्रधान ने युवा सहयोगियों ममता, आशीष, दिनेश, मनीष और उपप्रधान रणजीत वर्धन की सहायता से कुएं से गंदगी को निकालने का काम शुरू किया। करीब 140 फीट नीचे जाकर कुशल श्रमिकों की तरह उनकी टीम ने काम किया और लगभग चालीस-पचास ट्रैक्टर गंदगी निकाली। टीम ने पत्थरों का कच्चा लेवल तैयार किया। सभी की मेहनत से कार्य पूरा हुआ है। अब यह कुआं शीतल और मीठे जल से लबालब भरा है। प्रधान प्रेम लता ठाकुर ने बताया कि बताया कि यहां पर बिजली चलित मोटर लगवा दी है, जिससे लगातार ग्रामीणों को पानी मिल रहा है। वीरवार को विधिवत रूप से पूजन किया गया और मिठाई बांटी गई। इस पुनीत कार्य में पंचायत प्रतिनिधियों की टीम के साथ क्षेत्र के लोगों ने साथ दिया।