बिलासपुर में आयोजित आउटसोर्स कर्मचारी यूनियन की बैठक में मौजूद सदस्य। संवाद
बोले, चुनावों में स्थायी पॉलिसी बनाने का किया था वादा
बिलासपुर में हुई यूनियन की जिला बैठक
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। जिला आउटसोर्स कर्मचारी यूनियन की बैठक बिलासपुर में जिला अध्यक्ष पवन कुमार की अध्यक्षता में हुई। बैठक में आउटसोर्स कर्मचारियों से जुड़ी विभिन्न समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
रोष प्रकट किया गया कि राजनीतिक दलों ने आउटसोर्स कर्मियों को लुभावने वादे कर वोट तो हासिल किए, लेकिन सत्ता में आने के बाद उनके लिए कुछ नहीं किया। वर्तमान प्रदेश कांग्रेस सरकार ने भी विधानसभा चुनावों के समय सत्ता में आने पर आउटसोर्स कर्मियों के लिए स्थायी पॉलिसी बनाने का वादा किया था, लेकिन सत्ता में आते ही इस वादे को भुला दिया गया। प्रदेश में सरकार को बने करीब तीन साल हो चुके हैं, लेकिन कोई कदम नहीं उठाया गया, जिससे आउटसोर्स कर्मी स्वयं को ठगा सा महसूस कर रहे हैं। बैठक में कहा गया कि अब तो सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी भी आ चुकी है, कि रोजगार के नाम पर किसी का लंबे समय तक शोषण नहीं किया जा सकता।
वहीं प्रदेश हाईकोर्ट ने भी कंप्यूटर शिक्षकों व बागवानी विभाग के आउटसोर्स कर्मियों को नियमित करने के निर्देश दे दिए हैं। बैठक में मांग की गई कि वर्तमान समय में बढ़ती महंगाई को देखते हुए आउटसोर्स कर्मचारियों के मानदेय को बढ़ाया जाए। वहीं पिछले विधानसभा सत्र में मुख्यमंत्री की आउटसोर्स कर्मियों के मानदेय बढ़ाने की घोषणा को अमलीजामा पहनाया जाए व घोषणा वाले दिन से बढ़े मानदेय का एरियर भी दिया जाए। यदि सरकार ने शीघ्र ही इस संबंध में सकारात्मक कार्रवाई नहीं की तो यूनियन मजबूर होकर आंदोलन का रास्ता अपनाएगी। बैठक में पूर्व प्रदेशाध्यक्ष यूनस अख्तर, जिला संचालक शब्बीर मोहम्मद, कोषाध्यक्ष श्याम कटोच, सोम शर्मा, कुलवीर सिंह, मनोज कुमार और शकुंतला देवी मौजूद रहे।