यमुनानगर। गेहूं पर 500 रुपये बोनस की मांग और बिजली कटौती के विरोध में किसानों ने भारतीय किसान यूनियन के बैनर तले गांव मिल्क माजरा टोल प्लाजा पर धरना दिया। किसानों ने सुबह 10 से दोपहर के दो बजे चार घंटे तक टोल को फ्री करवा कर रखा। हालांकि इस दौरान किसानों ने सीटीएम अशोक कुमार को प्रधानमंत्री व परिवहन मंत्री नितिन गडकरी के नाम ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में किसानों की ओर से टोल प्लाजा के नजदीक 15 किलोमीटर तक फ्री रखने की मांग की गई। इसके पूर्व किसानों ने टोल पर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। किसानों ने चेतावनी देते हुए कहा कि जब तक प्रशासन का अधिकारी व बिजली निगम के एसई खुद यहां आकर उनकी समस्या को सुन नहीं लेते तब तक वे यहां से नहीं उठेंगे। अगर जरूरत पड़ी तो वह टोल को जाम भी कर देंगे। इसी बीच साढ़े 12 बजे सीटीएम अशोक कुमार किसानों के बीच पहुंचे। जिला प्रधान संजू गुंदियाना ने बताया कि गेहूं के सीजन के चलते दिन में लाइट बंद है, बिजली निगम रात को भी लाइट नहीं दे रहा है। ऐसे में जो अन्य फसलें हैं उनकी सिंचाई नहीं हो पा रही। ऐसे में दिन की बजाय रात के समय लाइट दी जाए। इस पर सीटीएम अशोक कुमार ने कहा उनकी बिजली निगम के एसई राजेंद्र से बात हो गई। वे नया शेड्यूल की रिपोर्ट देने को कहा गया है। मगर किसानों ने कहा कि उन्हें लिखित में ही आश्वासन मिलना चाहिए और मौके पर एसई को बुलाया जाए।
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सीटीएम बोले-एसई साहब इन्हें बिजली दीजिए, नहीं तो करूंगा इंजीनियर से शिकायत
किसान जब सीटीएम अशोक कुमार की बात से सहमत नहीं हुए तो सीटीएम ने स्पीकर ऑन कर बिजली निगम के एसई राजेंद्र कुमार को कहा कि इन्हें बिजली दीजिए। अन्यथा आपके इंजीनियर से शिकायत की जाएगी। मगर इस बात पर किसान सहमत नहीं हुए। किसानों ने कहा जब तक एसई खुद यहां नहीं आ जाते वे धरना खत्म नहीं करेंगे। इसके बाद पौने दो बजे बिजली निगम के एसई राजेंद्र कुमार मौके पर पहुंचे। उन्होंने किसानों को कहा कि अब रात के दस से सुबह के छह बजे तक आठ घंटे बिजली मिलेगी। इसके बाद किसान शांत हुए, तब उन्होंने धरने का समाप्त किया।