लकड़ी पर मार्केट कमेटी की फीस लगाने के विरोध में शुक्रवार को आढ़तियों ने सहारनपुर अंबाला नेशनल हाईवे पर जाम लगा दिया। आढ़तियों व व्यापारियों ने पांसरा में सड़क के बीच लड़की से भरी ट्रालियां लगाकर रोड जाम कर दिया। इससे नेशनल हाईवे पर दोनों तरफ वाहनों की लंबी लाइन लग गई और लोगों को भारी परेशानी हुई। इस दौरान आढ़तियों, व्यापारियों, किसानों व मजदूरों ने सरकार व मार्केट कमेटी अधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। एक तरफ लघु सचिवालय पर किसानों का भूमि अधिग्रहण को लेकर प्रदर्शन तो दूसरी तरफ आढ़तियों के जाम लगाने की सूचना मिलने पर पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने ट्रालियां हटाकर जाम खुलवाने का प्रयास करना चाहा, लेकिन आढ़ती और व्यापारी नहीं माने। करीब दो घंटे जाम की स्थिति बनी रही और यातायात व्यवस्था बनाने में पुलिस को भारी मशक्कत करनी पड़ी।
लक्कड़ आढ़ती एसोसिएशन प्रधान संदीप राणा ने कहा कि जिले में प्लाईवुड व्यवसाय उद्योग का सबसे बड़ा केंद्र है। यहां पर दूसरे जिलों व प्रदेशों से प्रतिदिन सैकड़ों किसान सफेदा, पोपुलर सहित अन्य लकड़ी लेकर बेचने आते हैं। संदीप ने बताया कि मंडोली लक्कड़ मंडी में मार्केट कमेटी फीस लेकर यहां से ट्रालियां प्लाईवुड फैक्ट्रियों में भेजी जाती हैं। जिसके चलते फैक्ट्री वाले इनसे लकड़ी लेने से मना कर देते हैं। आढ़तियों से लकड़ी का बिल नहीं लेते हैं। जिस कारण लकड़ी पर जीएसटी किसान को जेब से भरना पड़ता है। उन्होंने कहा कि इसका संगठन विरोध करता है। उन्होंने कहा कि लक्कड़ मंडी में मार्केट कमेटी फीस नहीं दी जाएगी।
आढ़तियों ने सरकार पर आरोप लगाया कि किसान अपने ही खेतों से लक्कड़ लेकर आता है और अपना माल बेचता है तो उस पर सरकार टैक्स किस प्रकार ले सकती है। जबकि सरकार कहती है कि किसान अपने उत्पाद को देश के किसी भी कोने में ले जाकर बेच सकता है। जबकि मार्केट कमेटी की ओर से जबरन फीस ली जा रही है। यही नहीं किसानों व व्यापारियों को जीएसटी भी जेब से भरना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार इस व्यवस्था को खत्म करें। जिसे लेकर मार्केट कमेटी के अधिकारियों ने कहा कि इस बात को लेकर उच्च अधिकारियों को बता दिया गया है और जल्द ही इसका कोई समाधान सरकार निकालने का निर्णय करेगी।
एक सप्ताह के लिए नहीं ली जाएगी फीस
आढ़तियों व व्यापारियों को जाम खोलने के लिए पुलिस सहित मार्केट कमेटी के अधिकारियों ने समझाया। परंतु वे नहीं माने और अपनी मांग पर अड़े रहे। इस दौरान चारों तरफ वाहनों की कतारें और शोर से सभी परेशान हो रहे थे। ऐसे में अधिकारियों ने आढ़तियों से बात की। मार्केट कमेटी सचिव गौरव आर्य ने कहा कि फीस पूरी तरह बंद करना सरकार व आला अधिकारियों के हाथ में है। जिसक लिए वे उनकी मांग उन तक पहुंचा देंगे। फिलहाल के लिए एक सप्ताह तक फीस नहीं ली जाएगी। जिस पर आढ़ती मान गए और जाम खोल दिया।