फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शहर से बंदर पकड़कर जंगल में छोड़ेगा निगम

विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

यमुनानगर। शहर में जल्द ही बंदरों के आतंक से निजात मिलेगी। शहर से बंदर पकड़कर कलेसर जंगल में छोड़े जाएंगे। नगर निगम ने इसके लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी है। टेंडर अलॉट होते ही बंदरों को पकड़ने का काम शुरू दिया जाएगा।
टेंडर लेने वाली एजेंसी को बंदर पकड़ते समय उसकी सुरक्षा का खास ख्याल रखा जाएगा। यदि बंदर को किसी तरह का शारीरिक नुकसान होता है तो जिम्मेदारी ठेकेदार की होगी। बंदर पकड़ने का साधन, एंटी रैबिज दवाई, बंदर की खुराक व बंदर के चोटिल होने पर इलाज के समय में प्रयोग किए जाने वाली दवाइयां व आवश्यक प्रबंध एजेंसी स्वयं करेगी। बंदरों को जंगल में छोड़ने के लिए वाहन नगर निगम उपलब्ध करवाएगा।
विज्ञापन

ट्विन सिटी से बंदर पकड़ने का काम छह माह में पूरा करना होगा। टेंडर की शर्तों के अनुसार ठेकेदार या एजेंसी को प्रति बंदर पकड़ने व छोड़ने के हिसाब से रेट दिए जाएंगे। टेंडर की शर्तों में यह भी स्पष्ट है कि जितने भी बंदरों को पकड़कर कलेसर जंगल में छोड़ा जाएगा, उतने बंदरों की राशि की अदायगी नगर निगम करेगा।
संबंधित एजेंसी को सख्त हिदायत है कि बंदर पकड़ते समय उसको किसी भी तरह नशीला पदार्थ नहीं खिलाया जाएगा। न कोई दवाई दी जाएगी और न ही ऐसा कोई भोजन दिया जाएगा जिससे उसकी सेहत पर दुष्प्रभाव पड़े। पकड़े गए बंदरों की पशु चिकित्सक से मेडिकल जांच करवाने के उपरांत ही कलेसर वन में छोड़ना होगा। बंदरों को पकड़ने के दौरान किसी भी तरह की क्रूरता न की जाए। नियमों का उल्लंघन करने पर ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन

शहर से बंदरों को पकड़ने के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। टेंडर अलॉट होते ही बंदर पकड़ने का काम शुरू करवा दिया जाएगा। संबंधित ठेकेदार को शर्तों के मुताबिक ही काम करना होगा।
-अशोक कुमार, आयुक्त, नगर निगम।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें