संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। सरकार की ओर से मांगें पूरी नहीं करने और दमकल कर्मचारियों को बर्खास्त व निलंबित करने की कार्रवाई के विरोध में वीरवार को कर्मचारियों का गुस्सा फूट पड़ा। कर्मचारियों ने नगर निगम कार्यालय पर सुबह सात बजे से 11 बजे तक ताला जड़कर विरोध जताया। कर्मचारियों ने शुक्रवार को सामूहिक रूप से मुंडन कराने का एलान किया।
इस दौरान निगम कार्यालय में कामकाज प्रभावित रहा। कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दी। कर्मचारियों के अनुसार, सुबह रेलवे स्टेशन रोड पर भी विरोध प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन के दौरान कूड़े से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली का कूड़ा सड़क पर ही डलवा दिया गया। इससे कुछ समय के लिए सड़क पर स्थिति असामान्य हो गई।
कर्मचारियों का कहना है कि सरकार उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं ले रही है। जिले में करीब 420 सफाई कर्मचारी वीरवार को भी हड़ताल पर रहे। नगरपालिका कर्मचारी संघ हरियाणा एवं हरियाणा अग्निशमन विभाग कर्मचारी यूनियन के आह्वान पर पालिका और फायर कर्मचारियों की हड़ताल 29वें दिन भी जारी रही।
इस दौरान कर्मचारियों ने सरकार की वादा खिलाफी के खिलाफ नारेबाजी की। हड़ताल की अध्यक्षता नगर पालिका शाखा प्रधान पपला और अग्निशमन जिला प्रधान विजेंद्र सिंह ने की। सचिव सुभाष और अग्निशमन कोषाध्यक्ष ललित कुमार ने शहरी स्थानीय निकाय मंत्री विपुल गोयल की ओर से सफाई कर्मचारियों को संविदा कर्मचारी सेवा सुरक्षा अधिनियम, 2024 के तहत 60 वर्ष की आयु तक नौकरी की सुरक्षा और वेतन वृद्धि देने की घोषणा को खारिज कर दिया।
कर्मचारियों ने कहा कि उन्हें खैरात नहीं, बल्कि नियमित रोजगार का अधिकार चाहिए। उनका कहना है कि सरकार को उनकी सभी मांगों पर लिखित आदेश जारी करने चाहिए। नगरपालिका कर्मचारी संघ हरियाणा के राज्य महासचिव मांगे राम तिगरा और अग्निशमन राज्य मुख्य संगठनकर्ता संतोष कुमार ने कहा कि सरकार संघ के मांग-पत्र में शामिल सभी मांगों को पूरा करे।
नगर पालिका शाखा प्रधान पपला ने बताया कि नगर पालिका और अग्निशमन विभाग के कर्मचारियों ने आंदोलन को और तेज करने का फैसला लिया है। कर्मचारियों ने बताया कि शुक्रवार को नगर निगम कार्यालय पर विरोध प्रदर्शन के दौरान कर्मचारी अपने सिर का मुंडन कराएंगे। इसके माध्यम से सरकार के खिलाफ रोष जताया जाएगा। लंबे समय से मांगों को लेकर आंदोलन किया जा रहा है, लेकिन सरकार की ओर से ठोस समाधान नहीं निकाला गया।
छह तक आदेश नहीं तो अनिश्चितकालीन हड़ताल
रिटायर्ड संघ जिला प्रधान जोत सिंह और सीटू नेता विनोद त्यागी ने कहा कि सरकार का नियमितीकरण में कानूनी अड़चन का तर्क सही नहीं है। उन्होंने वर्ष 2014 की नियमितीकरण नीति का हवाला देते हुए सफाई, सीवर, पालिका और अग्निशमन कर्मचारियों को नियमित करने के लिए आवश्यक तिथि में बदलाव कर कानून बनाने की मांग की। कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि छह सितंबर तक उनकी मांगों के संबंध में लिखित आदेश जारी नहीं किए गए तो हड़ताल को अनिश्चितकालीन कर दिया जाएगा।
नगर निगम कार्यालय के मुख्य गेट के बाहर धरने पर बैठे कर्मचारी। संवाद- फोटो : 1